बरेली। फतेहगंज पश्चिमी ब्लॉक की ग्राम पंचायत तुरसा पट्टी की प्रधान जायदा बेगम, पंचायत सचिव और दो वीडीओ के खिलाफ की गई विकास कार्यों में घपलेबाजी की शिकायत जांच में सही मिली है। इसको लेकर डीएम ने कारण बताओ नोटिस जारी किया है। इन्हें स्पष्टीकरण प्रस्तुत करने के लिए 15 दिन का मौका दिया गया है। डीएम ने जवाब संतोषजनक न होने पर कार्रवाई की बात कही है।
डीएम अविनाश सिंह ने बताया कि गांव के तसलीम अली खां, कल्लू खां समेत 10 लोगों ने ग्राम पंचायत के विकास कार्यों में घपलेबाजी के विरुद्ध शिकायत की थी। इसकी जांच उन्होंने जिला कृषि अधिकारी से कराई है। रिपोर्ट मिलने के बाद उन्होंने आरोपियों के विरुद्ध नोटिस जारी कर संबंधित 10 बिंदुओं पर जवाब मांगा है।
डीएम ने बताया कि जांच में पाया गया है कि प्रधान और तीनों सचिवों ने ग्राम पंचायत के विकास एवं निर्माण कार्यों में घटिया सामग्री का प्रयोग किया है। मानकों की अनदेखी की और गुणवत्तापरक कार्य नहीं कराए हैं। जांच अधिकारी की तरफ से मांगे गए अभिलेख भी नहीं दिए।
जांच में प्रधान जायदा बेगम के साथ ही पंचायत सचिव अक्षय गुप्ता, ग्राम विकास अधिकारी मोरपाल गंगवार व राजन बाबू दोषी पाए गए हैं। जिन विकास कार्यों के अभिलेख जांच अधिकारी के मांगने पर नहीं दिए।
सही मिले ये आरोप मस्जिद से सोलत यार खां के घर तक सीसी रोड निर्माण में मोटाई कम मिली। 10,910 रुपये के गबन की पुष्टि।
बुंदा शाह के मकान से नौशे आलम के घर तक सीसी रोड के निर्माण में मोटाई कम मिली। 28,394 रुपये के गबन की पुष्टि।
महमूद शाह के घर से अबरार के मकान तक सीसी रोड में मोटाई 10 की जगह 5 सेमी मिली। 49,928 रुपये के गबन की पुष्टि।
बबलू के घर के दरवाजे से मस्जिद तक खड़ंजे पर सीसी रोड में भी मोटाई कम मिली। 49,200 रुपये के गबन की पुष्टि।
मस्जिद के पीछे नूर मोहम्मद के मकान तक पुराने खड़ंजे पर सीसी रोड बनाने में भी मोटाई 10 की जगह 7 सेमी मिली। 28,394 रुपये का गबन मिला।