बरेली। परिवहन निगम पब्लिक प्राइवेट पार्टनरशिप (पीपीपी) मॉडल पर नौ रूटों पर 24 एसी स्लीपर बसों का संचालन करेगा। इस अंतरराज्यीय बस समझौते का लाभ बरेली को भी मिलेगा। नौ रूटों में से तीन बरेली होकर गुजरते हैं। मुख्यालय स्तर पर इसके लिए प्रक्रिया 90 दिन में पूरी करने का दावा किया जा रहा है।
पीपीपी मॉडल पर अंतरराज्यीय बस समझौते के तहत जिन नौ रूटों को शामिल किया गया है, उनमें गोरखपुर-लखनऊ-दिल्ली वाया बरेली, लखनऊ-दिल्ली वाया बरेली और गाजियाबाद-वाराणसी वाया बरेली शामिल हैं। इसके अलावा लखनऊ-इंदौर, लखनऊ-गया रूटों को भी शामिल गया गया है।
क्षेत्रीय प्रबंधक मोहम्मद अजीम ने बताया कि परिवहन निगम पहली बार पीपीपी मॉडल पर अंतरराज्यीय एसी स्लीपर बसों का संचालन करेगा। उन्होंने बताया कि बसें 30 और 36 बर्थ वाले दो अलग-अलग मॉडल की होंगी। 800 किलोमीटर से अधिक दूरी वाले रूटों पर तीन बसें और प्रत्येक पर दो चालक तैनात किए जाएंगे। अन्य रूटों पर दो-दो बसें अप-डाउन करेंगी। अंतरराज्यीय बस समझौता होने के बाद इसका सीधा लाभ बरेली के लोगों को मिलेगा।
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निजी बस ऑपरेटरों पर कसेगी लगाम
अब तक रोडवेज के बेड़े में एसी स्लीपर बसें नहीं हैं। ऐसे में कई निजी ऑपरेटर ऑल इंडिया टूरिस्ट परमिट (एआईटीपी) पर अंतरराज्यीय बस सेवा उपलब्ध कराते हैं। निजी ऑपरेटर सुरक्षा नियमों को दरकिनार कर देते हैं। ऐसे में अक्सर बड़े हादसे भी होते हैं। रोडवेज के बेड़े में एसी स्लीपर बसों के शामिल होने से निजी ऑपरेटर की मनमानी पर भी काफी हद तक अंकुश लगेगा।