विद्यार्थी परिषद कार्यकर्ता बोले- प्रोफेसर ने जानबूझकर की राष्ट्रविरोधी हरकत
बरेली। फेसबुक प्रोफाइल पर पाकिस्तान का झंडा लगाने वाले रुहेलखंड विश्वविद्यालय के प्रोफेसर ने भले ही सार्वजनिक तौर पर माफी मांगकर बचाव का का रास्ता तैयार कर लिया है, लेकिन छात्र उन्हें छोड़ने के मूड में नहीं हैं। वे प्रोफेसर के खिलाफ कार्रवाई कराने पर अड़े हैं। इसके लिए छात्रों ने मंगलवार को कुलपति को ज्ञापन सौंपा। इधर, कुलपति के निर्देश पर कुलसचिव सुनीता पांडेय ने प्रोफेसर को नोटिस देकर जवाब मांगा है।
रुहेलखंड यूनिवर्सिटी के भौतिकी विज्ञान के प्रोफेसर डॉ. सलीम खान ने सोमवार को फेसबुक पर पाकिस्तानी झंडे के साथ अपनी फोटो प्रोफाइल में लगा दी थी। इससे बखेड़ा खड़ा हो गया। फेसबुक प्रोफाइल में लगी पाकिस्तान के झंडे के साथ उनकी फोटो वायरल हुई तो कई छात्रों ने पुलिस को ट्वीट कर उनके के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। इस पर सीओ तृतीय अभिषेक वर्मा को मामले की जांच सौंप दी गई। इसकी भनक लगते ही प्रोफेसर ने आनन-फानन में पाकिस्तान के झंडे का फोटो हटा लिया और अपनी गलती के लिए माफी मांगते हुए फेसबुक पर पोस्ट भी डाल दी। लिखा- कोविड 19 पर जागरूकता की प्रोफाइल लगाते वक्त उन्होंने गौर नहीं दिया कि इस पर पाक का झंडा लगा है। वह हिंदुस्तानी हैं और इस बात का उन्हें फक्र है। इधर, प्रोफेसर के माफी मांगने के बावजूद छात्रों का गुस्सा कम नहीं हो रहा है। मामले के तूल पकड़ने के बाद कुलपति प्रोफेसर डॉ. अनिल शुक्ल के निर्देश पर कुलसचिव सुनीता पांडेय ने प्रोफेसर डॉ. सलीम खान को नोटिस देकर जवाब मांगा है।
मंगलवार को कई छात्रों और राजनीतिक लोगों ने सोशल साइट्स पर शिक्षक के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। विश्वविद्यालय कैंपस के छात्रों के मुताबिक, प्रोफेसर से गलती नहीं हुई है, बल्कि उन्होंने जानबूझकर पाकिस्तान का झंडा लगाया है। अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के कार्यकर्त्ताओं ने भी कुलपति को ज्ञापन सौंपा है। इसमें प्रकरण की जांच कराने और इस राष्ट्रविरोधी कृत्य के लिए प्रोफेसर के खिलाफ कार्रवाई की मांग की गई है। कार्यकर्ताओं ने कहा कि अगर प्रोफेसर के खिलाफ कार्रवाई नहीं हुई तो आगे और भी लोग ऐसी हरकत कर सकते हैं। कहा, कुछ लोग रुहेलखंड यूनिवर्सिटी को जेएनयू समझ रहे हैं, उनकी गलतफहमी दूर होनी ही चाहिए। इस दौरान परिषद के सदर तहसील संयोजक कमल गुप्ता, उज्ज्वल ढाका, निहार त्यागी, राहुल चौहान आदि मौजूद रहे।