बरेली। महात्मा ज्योतिबा फुले रुहेलखंड विश्वविद्यालय ने स्नातक और परास्नातक स्तर के प्रथम सेमेस्टर की परीक्षा परिणामों में आ रहीं विसंगतियों को दूर करने के लिए एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है।
विश्वविद्यालय प्रशासन के संज्ञान में आया है कि कई महाविद्यालयों की ओर से छात्र-छात्राओं के आंतरिक और बाह्य प्रयोगात्मक परीक्षाओं के अंक समर्थ पोर्टल पर अपलोड नहीं किए गए हैं, इसके कारण बड़ी संख्या में विद्यार्थियों के परीक्षाफल अधूरे या अघोषित दिखाई दे रहे हैं। इसके लिए पोर्टल को आज से फिर खोला जा रहा है।
विश्वविद्यालय की ओर से जारी आधिकारिक पत्र के अनुसार, शैक्षणिक सत्र 2025-26 के स्नातक स्तर (बीए, बीएससी, बीकॉम, बीबीए, बीसीए आदि) और परास्नातक स्तर (एमए, एमएससी, एमकॉम) सहित विभिन्न व्यावसायिक पाठ्यक्रमों के प्रथम सेमेस्टर के परिणाम घोषित किए जा चुके हैं।
जो विद्यार्थी अभी भी अपने परिणाम को लेकर असमंजस में हैं, उनके लिए राहत की खबर यह है कि पोर्टल को एक बार फिर से खोला जा रहा है।
विश्वविद्यालय ने सभी संबद्ध महाविद्यालयों के प्राचार्यों को निर्देशित किया है कि वे अपने स्तर से यह सुनिश्चित करें कि जिन भी छात्र-छात्राओं के प्रयोगात्मक परीक्षाओं के अंक पोर्टल पर चढ़ने से रह गए हैं, उन्हें तत्काल अपलोड कर दिया जाए। इसके लिए समर्थ पोर्टल तीन मई के तक खोल दिया गया है।
परीक्षा नियंत्रक ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यह अंतिम अवसर है और निर्धारित तिथि बीत जाने के बाद यदि किसी महाविद्यालय की ओर से अंक उपलब्ध कराने में देरी की जाती है, तो उनके विरुद्ध विश्वविद्यालय के नियमानुसार सख्त दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी।