फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

अनुशासन के नाम पर कटवा दिए 150 छात्रों के बाल

Sun, 13 Nov 2016 02:45 AM IST
ब्यूरो/ अमर उजाला,  बरेली
विज्ञापन
सांकेतिक चित्र
विज्ञापन
जनकपुरी स्थित लाइंस रोहिला इंटर कॉलेज में अनुशासन के नाम पर शिक्षकों ने 150 छात्रों के बाल जबरन काट डाले। छात्र विरोध न कर सकें इसके लिए क्लासरूम बंद कर दिया गया। जब अभिभावकों को इसका पता चला तो उन्होंने कॉलेज पहुंचकर जमकर हंगामा किया। मामले की शिकायत डीएम तक भी पहुंची है। उन्होंने मजिस्ट्रेट को जांच के निर्देश दिए हैं। वहीं प्रधानाचार्य का कहना है कि कॉलेज में अनुशासन बनाए रखने को यह कदम उठाया गया।
विज्ञापन


लाइंस रोहिला कॉलेज माध्यमिक शिक्षा परिषद से मान्यता प्राप्त है। कॉलेज के काफी छात्र स्टाइलिश बाल रखे हुए हैं। कॉलेज प्रशासन की ओर से कुछ दिन पूर्व ही इन छात्रों को बाल कटवाने को लेकर नोटिस जारी किया गया था लेकिन छात्रों ने अपने बाल नहीं कटवाए।

शनिवार को छात्र कॉलेज आए तो पहले से ही बाल काटने का मन बनाए बैठे शिक्षकों ने क्लासरूम बंद करके जबरन छात्रों के बाल कटवाने शुरू कर दिया। कक्षा नौ और ग्यारह के करीब 150 छात्रों के सिर के आगे के बाल काट दिए ताकि छात्र अपने बाल छोटे कराने को मजबूर हो जाएं। 
विज्ञापन
विज्ञापन

जबरन छात्रों के बाल काटना बेहद शर्मसार करने वाली बात है

सांकेतिक चित्र
छात्रों ने इसकी सूचना अपने घरों पर दी तो अभिभावक कॉलेज पहुंचे और कॉलेज प्रशासन के रवैये पर कड़ी आपत्ति जताई। शिक्षकों से नोकझोंक भी हो गई। गुस्साए अभिभावकों ने जमकर हंगामा काटा। अभिभावक ऋतिक बंसल का कहना था अगर बच्चों ने बाल बड़े रखे थे तो कॉलेज प्रशासन को उनके बेइज्जत करने का कोई अधिकार नहीं। अगर आपत्ति थी तो अभिभावकों से शिकायत करनी चाहिए थी। बड़ी मुश्किल से हंगामा शांत कराया जा सका।

वर्जन
छात्रों को कई बार बाल कटवाने को लेकर नोटिस दिया गया लेकिन वह नहीं माने। कॉलेज अनुशासन से चलता है। इसलिए ही यह कदम उठाना पड़ा। मेरा मकसद छात्रों को बेइज्जत करना नहीं बल्कि अनुशासन सिखाना था। अनुराधा सिंह, प्रधानाचार्य, लाइंस रोहिला इंटर कॉलेज

इस तरह से कॉलेज में जबरन छात्रों के बाल काटना बेहद शर्मसार करने वाली बात है। मामले की जांच कराई जाएगी। मामला सही पाया गया तो कॉलेज प्रशासन के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
मुन्ने अली, डीआईओएस
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें