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Bareilly News: हत्यारोपियों पर गैंगस्टर, गिरोह में सट्टा माफिया और जुए के ठेकेदार शामिल

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बरेली। हिस्ट्रीशीटर अजय वाल्मीकि के हत्यारोपियों पर कानूनी शिकंजा कसते हुए गैंगस्टर की कार्रवाई की गई है। विनय को सरगना बनाते हुए गिरोह में सट्टा माफिया और जुए के ठेकेदारों को शामिल किया गया है। इनपर मुखबिरी के शक में अजय वाल्मीकि की हत्या करने का आरोप है। एसएसपी ने बारादरी थाना प्रभारी को गिरोह की गतिविधियों की निगरानी व कार्रवाई करने का निर्देश दिया है।
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गिरोह में सरगना विनय के साथ ही नितिन, राहुल, भगवान दास उर्फ लाले, सट्टा माफिया जगमोहन उर्फ तन्नू को शामिल किया गया है। इंस्पेक्टर बारादरी की रिपोर्ट पर यह कार्रवाई की गई है। पुलिस के मुताबिक विनय का गिरोह पूरे जिले में वर्चस्व के लिए हत्याएं करता है। इसलिए इनकी निगरानी जरूरी है। सरगना सहित सभी आरोपियों की अलग-अलग त्रिनेत्र आईडी बनाई गई है। गिरोह के सदस्यों के फोटो व रिकॉर्ड, उनको पहचानने वाले लोगों और उनके परिजनों का डाटा डीसीआरबी के पास रहेगा। इनके जमानतदारों व मददगारों की भी फेहरिस्त बनाई गई है, ताकि इनकी खुराफातों के बाद मददगारों पर भी पुलिस कार्रवाई कर सके।
तन्नू और लाले ने फिर शुरू किया धंधा
प्रेमनगर थाने के पास ताबड़तोड़ गोलियां मारकर अजय की हत्या की गई थी। हालांकि, घटनास्थल बारादरी थाना क्षेत्र में ही था। सट्टा के धंधे में अजय के बढ़ते दखल और सट्टा माफिया जगमोहन उर्फ तन्नू की बादशाहत को चुनौती देने को इसकी वजह माना गया। बड़े पैमाने पर जुआ कराने वाले भगवान दास उर्फ लाले व विनय को भी इस बात का डर था कि अजय उनकी गोपनीय शिकायतें करके धंधे को प्रभावित कर रहा है। अजय की हत्या के बाद बड़ी मुश्किल से पुलिस आरोपियों की गिरफ्तारी कर सकी थी। गिरोह के सदस्य जमानत पर छूटकर दोबारा सट्टे व जुए के धंधे में उतर गए हैं। सितंबर 2023 में एसएसपी ने लाले और तन्नू पर 25-25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया था। बारादरी पुलिस जगमोहन उर्फ तन्नू की भी हिस्ट्रीशीट खोलने की तैयारी कर ली है। उस पर करीब 11 आपराधिक मामले दर्ज हैं। ब्यूरो
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अजय वाल्मीकि की हत्या के आरोपी कुछ लोग अनैतिक धंधों में लिप्त बताए गए थे। उनकी भूमिका की जांच के बाद गिरोह पंजीकृत किया गया है। आरोपियों की लगातार निगरानी कराई जाएगी। जरूरत पर पुलिस कार्रवाई भी करेगी। इनके मददगारों पर भी शिकंजा कसा जाएगा। - अनुराग आर्य, एसएसपी
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