शराबी युवक ने पत्नी को पीट-पीटकर मार डाला
पैरों से पेट में मारा, रात भर तड़पने के बाद सुबह ले जाया गया डाक्टर के पास, मृत घोषित
दोनों के बीच हुई थी कहासुनी बचाव करने पहुंचा बाबा को भी धक्क ा देकर जमीन पर गिराया
पुलिस ने हत्यारोपी पति को किया गिरफ्तार, दर्ज हुआ मुकदमा, मचा कोहराम
तिलईबाजार/मऊआइमा (प्रयागराज)। मऊआइमा के छाता डीह गांव में शराब के नशे में धुत युवक ने पत्नी की पीट-पीटकर अधमरा कर दिया। वह रात भर दर्द से तड़पती रही। सुबह उसे डाक्टर के पास ले जाया गया, तब तक उसकी मौत हो गई थी। घटना के समय युवती को बचाने आए बाबा को भी युवक ने धक्का देकर गिरा था। बाबा की तहरीर पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। घटना की सूचना पाकर बड़ी संख्या में लोग गांव में इकट्ठा हो गए थे।
मऊआइमा छाता डीह गांव निवासी राम चंद्र मुसहर का पुत्र अंबुज गांव के समीप एक ईट-भट्ठे पर रहकर मजदूरी करता है। रविवार की रात अंबुज शराब के नशे में धुत होकर घर पहुंचा। नशे में धुत अंबुज किसी बात को लेकर पत्नी ननकी से कहासुनी करने लगा। इसी दौरान अंबुज ननकी की बेरहमी से पिटाई करने लगा। पिटाई से बेहाल ननकी दर्द से कराहने लगी तो बाबा राजाराम बीच बचाव करने पहुंचे। अंबुज के सिर पर जैसे खून सवार था, उसने राजाराम को धक्का देकर जमीन पर गिराते हुए ननकी के पेट में लातों से कई प्रहार किए, जिससे वह अधमरी होकर बेहोश हो गई। इसके बाद अंबुज शांत हुआ।
ननकी रात भर तड़पती रही। अंबुज के डर के मारे कोई अस्पताल नहीं ले गया। सुबह ननकी की रात बहुत ज्यादा बिगड़ गई। उसके मुंह से खून आने लगा तब घर वाले डाक्टर के पास ले गए लेकिन, ननकी की रास्ते में ही मौत हो गई थी। मौत की सूचना मिलते ही गांव में भीड़ लग गई। ननकी के मायके फूलपुर में सूचना दी गई तो वे भी रोते-बिलखते गांव पहुंचे। मऊआइमा पुलिस ने मौके पहुंचकर शव का पंचनामा करते हुए पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। बाबा राजा राम की तहरीर पर अंबुज के खिलाफ गैर इरादतन हत्या की रिपोर्ट दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया गया।
दर्द से कराह रही थी ननकी, नशे में धुत सोता रहा अंबुद
तिलई बाजार। मऊआइमा के छाता डीह गांव में अंबुज ने पत्नी ननकी को पीट-पीटकर मार डाला। उसकी इस हैवानियत से बच्चे ही नहीं बड़े भी खौफजदा थे। रात में ननकी जब कराह रही थी तो किसी की हिम्मत नहीं पड़ी कि उसे डाक्टर के पास ले जाए। पत्नी को अधमरा करने के बाद हैवान अंबुज उसी कमरे में रात भर सोता रहा। अगर ननकी को रात में ही अस्पताल ले जाया जाता तो शायद उसकी जान बच सकती थी लेकिन अंबुज ने जिस तरह बाबा को धक्का देकर गिराया था, कोई भी ननकी की मदद करने आगे नहीं आया। बुजुर्ग राजा राम भी दर्द से कराह रहे थे। उनकी आंखों में आंसू थे कि वह ननकी को बचा नहीं पाए।
मासूमों की आंखें ढूंढ रही थीं मां
अंबुज और ननकी के दो बच्चे हैं। दो साल का बेटा पंकज और एक दुधमुंही बच्ची सुबह से ही मां को तलाश कर रहे थे। बच्ची भूख से बिलख कर रो रही थी। जिसने देखा, उसका कलेजा कांप गया कि आखिर दोनों मासूमों का क्या होगा। परिवार की महिलाएं दोनों बच्चों को संभालने की कोशिश कर रहे थे लेकिन, उनकी आंखें मां को तलाश कर रही थीं। मां की मौत हो गई, पिता जेल चला गया। अब उनकी परवरिश कौन करेगा। इस पर भी गांव में दिन भर चर्चा होती रही।
- पति-पत्नी के बीच हुए विवाद के दौरान अंदरूनी चोटें आने से पत्नी की मौत हो गई है। मामले में रिपोर्ट दर्ज करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है।
-राज किशोर, इंस्पेक्टर-मऊआइमा,