बरेली। शहर के कई मोहल्लों में सड़कों के गड्ढे जख्म दे रहे हैं पर नगर निगम के अफसर सिर्फ आश्वासन का मरहम ही लगाने तक सीमित हैं। समाधान दिवस में मंगलवार को पीड़ित लोग प्रार्थनापत्र लेकर पहुंचे। उन्हें एक बार फिर सड़क निर्माण कराए जाने का भरोसा देकर लौटा दिया गया।
सुभाषनगर में तपेश्वर नाथ मंदिर के निकट स्थित कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय के सामने वाली गली में सड़क का 120 मीटर का हिस्सा अन्य सड़क से नीचे है। यहां जरा सी बारिश में पानी भर रहा है। इसके लिए नागरिकों ने 12 अप्रैल 2024 से अब तक पांच बार प्रार्थनापत्र दिया। हर बार आश्वासन ही मिला।
वार्ड 16 स्थित जोशी और पीपल वाली गली से आए लोगों ने बताया कि डेयरी वाले उनके मोहल्ले की नालियों में गोबर बहा रहे हैं। तस्वीरों के साथ की गई शिकायत पर समाधान दिवस में संयुक्त नगर आयुक्त मयंक यादव ने नगर स्वास्थ्य अधिकारी को कार्रवाई के निर्देश दिए। अधिशासी अभियंता राजीव कुमार राठी, मुख्य कर निर्धारण अधिकारी प्रदीप कुमार मिश्रा व जलकल अभियंता ईश्वर सिंह ने भी समस्याएं सुनीं।
आजादनगर के नवीनचंद्र पंत ने गली नंबर तीन में जल निकासी का सिस्टम ध्वस्त होने और जलभराव की समस्या उठाई। संयुक्त नगर आयुक्त ने सफाई निरीक्षक विवेक कुमार को तत्काल मौके पर जाने और समाधान कराने के आदेश दिए। वार्ड संख्या 12 सिठौरा निवासी सोमपाल शर्मा ने मोहल्ले की मुख्य सड़क और नाली का मामला उठाया। बोले-रात में स्ट्रीट लाइटें भी नहीं रोशन होतीं। पार्षद ने भी इस मुद्दे को उठाया है लेकिन न तो सड़क ठीक हुई न ही स्ट्रीट लाइटें ठीक कराई गईं।