बरेली। कृषि विभाग में कमीशनबाजी का मामला विशेष न्यायाधीश भ्रष्टाचार निवारण कोर्ट में पहुंच गया है। शनिवार को इस मामले में कोर्ट ने आरोपी पूर्व प्रभारी उप निदेशक कृषि अमर पाल सिंह और उनके सहयोगी कर्मी सुनील कुमार को तलब कर लिया। अब अगली सुनवाई की तारीख चार फरवरी को लगी है।
मुकदमे में कोर्ट ने प्रारंभिक कार्रवाई पूरी करते हुए अब दोनों पक्षों को अगली तारीख पर बुलाया है। वरिष्ठ तकनीकी सहायक ग्रुप-बी मुनेंद्र कुमार ने वाद दाखिल वाद में पूर्व प्रभारी उप निदेशक कृषि अमर पाल सिंह और उनके सहयोगी कर्मी सुनील कुमार पर राष्ट्रीय प्राकृतिक खेती मिशन योजना में किसानों को मिलने वाली प्रोत्साहन राशि में एडवांस में 20 प्रतिशत कमीशन की मांग करने, अभद्रता व नौकरी से निकालने और जान से मारने की धमकी जैसे आरोप लगाए हैं। मुकदमे में दाखिल उनके प्रार्थना पत्र के मुताबिक, इस प्रकरण में उन्होंने थाना भोजीपुरा में अमर पाल सिंह व सुनील कुमार के विरुद्ध प्रथम सूचना रिपोर्ट के लिए प्रार्थना पत्र दिया था। थाने में सुनवाई नहीं हुई तो उन्होंने 13 जनवरी को रजिस्टर्ड डाक से एसएसपी को भी शिकायत भेजी, लेकिन जब यहां से भी कोई कार्रवाई नहीं हुई तब उन्होंने विशेष न्यायाधीश भ्रष्टाचार निवारण कोर्ट में वाद दाखिल कर न्याय की गुहार लगाई है। कोर्ट से मुनेंद्र ने अमर पाल व सुनील के विरुद्ध एफआईआर दर्ज कराने संबंधी आदेश पारित करने की मांग की है।
उप निदेशक के हस्ताक्षर कर डीएम को लिख दिया था पत्र
मुनेंद्र कुमार ने कोर्ट को प्रार्थना पत्र के माध्यम से बताया है कि तत्कालीन प्रभारी उप निदेशक कृषि अमर पाल सिंह की कार्यालय में अनुपस्थिति में वरिष्ठ सहायक सुनील कुमार ने उनके (मुनेंद्र कुमार) विरुद्ध कार्रवाई के लिए एक पत्र डीएम को लिख दिया और उसमें उप निदेशक कृषि की जगह अपने हस्ताक्षर किए हैं।
वर्जन
हर व्यक्ति स्वतंत्र है। वरिष्ठ तकनीकी सहायक ग्रुप-बी मुनेंद्र कुमार ने विशेष न्यायाधीश भ्रष्टाचार निवारण कोर्ट में वाद दाखिल किया है। इसमें शनिवार को कोर्ट में पेश हुए हैं और अब जवाब दाखिल करेंगे। - अमर पाल सिंह, तत्कालीन प्रभारी उप निदेशक कृषि