सोमवार सुबह घूमने निकले लोगों ने शव देखा तो पुलिस को दी सूचना
बरेली। लॉकडाउन के दौरान काम-धंधा बंद होने से मेहनतकशों के घरों में फाकाकशी की नौबत आ गई है। इससे वे अवसाद से घिरते जा रहे हैं और आत्मघाती कदम उठाने लगे हैं। कमाई बंद होने से परेशान एक टेंपो ड्राइवर ने पत्नी से विवाद के बाद रविवार सुबह पेड़ से फंदा लगाकर जान दे दी। सोमवार सुबह घूमने निकले लोगों ने शव देखकर पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने शव पोस्टमार्टम को भेज दिया।
इज्जतनगर थाने के बैरियर टू क्षेत्र में अब्दुल्लापुर जाने वाले रास्ते पर नकटिया नदी के पास सोमवार सुबह एक रिटायर्ड सैन्यकर्मी को 40 वर्षीय व्यक्ति सड़क के नीचे कच्चे में पड़ा नजर आया। आवाज देने पर भी वह नहीं उठा तो रिटायर्ड सैन्य कर्मी नीचे उतरकर उसे उठाने पहुंचा तो उसके गले में रस्सी बंधी थी। उसका एक टुकड़ा पेड़ की डाल से बंधा बंधा था। उन्होंने तुरंत पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने मौका मुआयना कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस के मुताबिक, छानबीन के दौरान मृतक की पहचान कुर्मांचल नगर निवासी 38 वर्षीय भुवन जोशी के रूप में हुई। भुवन टेंपो चलाता था। रविवार को पत्नी से विवाद होने के बाद वह करीब 11 बजे घर से निकला था। इसके बाद पेड़ से रस्सी बांधकर लटक गया, लेकिन रस्सी टूटने से नीचे गिर गया, लेकिन गले में फंदा कस जाने से उसकी मौत हो गई। पत्नी उमा के मुताबिक, कमाई बंद होने से पिछले कुछ दिनों से भुवन अवसादग्रस्त थे। इसे लेकर अक्सर परिवार में झगड़ा होता था।