फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

कालाबाजारी रोकने को टीमें तीन, छापा मारा बस एक ने

विज्ञापन
दुकान में जांच करते वाणिज्य कर के अधिकारी। - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, बरेली
विज्ञापन

प्रेमनगर इलाके में दवा की दुकानों और पैथोलॉजी लैब में की छानबीन
विज्ञापन

रविवार को छापा मार प्रशासन को भेजी रिपोर्ट, व्यापारियों में खलबली

बरेली। कोरोना के दौर में कालाबाजारी रोकने के लिए वाणिज्य कर विभाग की टीमें तो तीन बनाई गई हैं लेकिन रविवार को भी एक ही टीम जांच करने निकली। छुट्टी का दिन होने की वजह से वैसे भी ज्यादातर प्रमुख दवा की दुकानें बंद थीं। टीम ने प्रेमनगर इलाके में कुछ दवा की दुकानों और पैथोलॉजी लैब पर छानबीन की। शाम को प्रशासन को रिपोर्ट भी भेज दी।
पिछले दिनों डीएम नितीश कुमार ने वाणिज्य कर विभाग के 15 अधिकारियों की तीन टीमें बनाई थी। शनिवार को टीम शास्त्री मार्केट में दवा कारोबारियों की जांच के लिए छापे मारने थे लेकिन सूचना लीक होने के कारण ज्यादातर कारोबारी पहले ही दुकानें बंद कर चले गए। इसके बाद टीमें भी छापा मारने नहीं निकलीं। रविवार को छुट्टी के दिन एक टीम ने कई दुकानें चेक कीं। स्टेडियम रोड और डीडीपुरम में जनता मेडिकल और पॉपुलर मेडिकल स्टोर के बिल चेक किए। इसके बाद प्रेमनगर में कई पैथोलाजी लैब पर जांच की।
विज्ञापन
विज्ञापन

इस इलाके में महादेव इंटरप्राइजेज, सुनयन पैथोलॉजी, संगीता पैथोलॉजी, अपूर्व मेडिकल स्टोर, बास ड्रग हाउस औषधि मेडिकल, पटेल केमिस्ट समेत कई दुकानों पर खरीद-फरोख्त के बिलों को देखा। शाम को अधिकारियों ने अपनी रिपोर्ट एडिशनल कमिश्नर ग्रेड वन एमएन वर्मा को भेज दी जहां से उसे प्रशासनिक अधिकारियों को बढ़ा दिया गया। एडिशनल कमिश्नर ने बताया कि इन मामलों में कार्रवाई प्रशासन के स्तर से ही होनी है। उधर मेहता सर्जिकल स्टोर पर मुनाफाखोरी के साथ ऑक्सीजन की कालाबाजारी के मामले में भी प्रेमनगर पुलिस ने अब तक कोई कार्रवाई नहीं की है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें