शिक्षक अवधेश की हत्या का एक आरोपी भोला मंगलवार को हुआ था हाजिर
बरेली। शिक्षक अवधेश हत्याकांड के आठ आरोपियों में से बाकी बचे दो आरोपियों ने भी अदालत में आत्मसमर्पण कर दिया है। इनमें एक अवधेश का ससुर अनिल फौजी है जो बुधवार को अदालत में हाजिर हुआ। इससे पहले भोला नाम के एक अन्य आरोपी ने मंगलवार को आत्मसमर्पण किया था।
मूल रूप से फिरोजाबाद के रहने वाले अवधेश कुमार शीशगढ़ के एक कॉलेज में हिंदी प्रवक्ता थे जिनकी 12 अक्तूबर की रात कर्मचारी नगर स्थित उन्हीं के घर में कर दी गई थी। मायके वालों की मदद से फिरोजाबाद के ही एक सुपारी किलर से हत्या कराने के बाद उनकी पत्नी विनीता कार में शव डालकर फिरोजाबाद ले गई थी जहां नारखी इलाके में उसे जलाने के बाद अवशेष जमीन में दबा दिए थे। अवधेश की मां अन्नपूर्णा देवी की शिकायत पर थाना इज्जतनगर में रिपोर्ट दर्ज कर पुलिस ने शव बरामद किया। हत्यारोपी विनीता समेत छह आरोपी पहले से जेल में हैं। मंगलवार को एक आरोपी भोला ने बरेली कोर्ट में आत्मसमर्पण कर दिया और बुधवार को विनीता का आरोपी पिता अनिल फौजी भी कोर्ट में हाजिर हो गया। देर शाम उसे जिला जेल भेज दिया गया।
पुलिस ने कागजों में ‘चूक’, कोर्ट ने इंस्पेक्टर को लगाई फटकार
अनिल फौजी के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज था लेकिन कोर्ट ने जब उसकी अर्जी पर इज्जतनगर पुलिस से रिपोर्ट मांगी तो वहां से 120 बी यानी साजिश में शामिल होने की रिपोर्ट भेज दी गई। बताते हैं कि बुधवार दोपहर जब अनिल फौजी कोर्ट पहुंचा तो कोर्ट ने इसी आधार पर उसे न्यायिक हिरासत में लेने से इनकार कर दिया। बाद में विवेचक इज्जतनगर इंस्पेक्टर केके वर्मा को बुलाकर कोर्ट ने फटकार भी लगाई। इसके बाद पुलिस ने नए सिरे से कागजी प्रक्रिया पूरी की। इसमें काफी वक्त लगने के कारण अनिल को शाम ढले जेल भेजा जा सका।
डीएनए जांच से प्रमाणित होगी शव की पहचान
यूं तो शव की कपड़ों के साथ दूसरी कई चीजों के आधार पर अवधेश के परिवार के लोगों ने पहचान की थी लेकिन कोर्ट में आरोपियों को सजा दिलाना सुनिश्चित करने के लिए पुलिस तकनीकी साक्ष्य जुटाने पर भी जोर दे रही है। मंगलवार को अवधेश की मां अन्नपूर्णा का जिला अस्पताल में डीएनए जांच के लिए सैंपल लिया गया। शव के अवशेष से भी डीएनए जांच को सैंपल लिया गया था। दोनों सैंपल का मिलान कराकर पुष्टि की जाएगी कि शव अवधेश का ही था।
शिक्षक हत्याकांड के सभी आठों आरोपी पकड़े जा चुके हैं। हत्या के बाद शव ले जाने को इस्तेमाल की गई कार भी पुलिस के कब्जे में है। पुलिस आरोपियों के खिलाफ चार्जशीट लगाकर उन्हें अधिकतम सजा दिलाने की कोशिश करेगी। - रोहित सिंह सजवाण, एसएसपी