14 मार्च की घटना, शिकायत के बाद बुधवार को इज्जतनगर थाने में रिपोर्ट दर्ज
बरेली। गांव में ही एक रिश्तेदार के घर दावत खाने गए छात्र की आंख में हर्ष फायरिंग के दौरान गोली लग गई। परिजन उसे लेकर एक निजी अस्पताल पहुंचे, वहां से उसे दिल्ली रेफर कर दिया गया। डॉक्टरों को उसकी आंख निकालनी पड़ी। इलाज कराके दिल्ली से लौटा परिवार लॉकडाउन की वजह से तहरीर देने इज्जतनगर नगर थाने नहीं पहुंच सका। बुधवार को पीड़ित की शिकायत पर आरोपियों के खिलाफ इज्जतनगर थाने में रिपोर्ट दर्ज की गई है।
इज्जतनगर क्षेत्र के गांव पीर बहोड़ा निवासी इसरार का 10 वर्षीय बेटा मोहम्मद आमान कक्षा तीन का छात्र है। आमान 14 मार्च को परिवार के साथ गांव के ही रिश्तेदार दूल्हा खां के घर दावत में गया था। वहां दूल्हा खां के बेटा शमशुल, ससुराल पक्ष के जाहिद और जावेद अवैध असलहों से हर्ष फायरिंग करने लगे। इसी दौरान आमान की आंख में छर्रा लग गया। आंख से खून बहने लगा। इसरार बेटे को लेकर मिनी बाईपास स्थित एक निजी अस्पताल पहुंचे तो वहां से उसे दिल्ली रेफर कर दिया गया। दिल्ली में इलाज के दौरान डॉक्टरों ने उसकी आंख निकाल दी। पुलिस आरोपियों की तलाश कर रही है।