बरेली। नगर निगम के टैक्स बिल में संशोधन न होने को लेकर बृहस्पतिवार शाम 4.30 बजे सपा पार्षद दल के नेता गौरव सक्सेना मुख्य कर निर्धारण अधिकारी के कार्यालय में कुर्सी से उठकर जमीन पर धरना देने बैठ गए। सीटीओ ने उन्हें जैसे-तैसे मनाकर धरने से उठाया।
राजेंद्रनगर निवासी एसके सक्सेना के नाम जारी बिल में टैक्स अधिक लगा था। स्वकर निर्धारण का फार्म चार महीने पहले भरा गया था। नगर निगम के दो कर निरीक्षकों ने मौके का निरीक्षण कर रिपोर्ट बनाई पर बिल संशोधित नहीं किया। इसी मामले में एसके सक्सेना के बेटे विपिन सक्सेना बृहस्पतिवार को जानकारी लेने पार्षद गौरव सक्सेना के साथ पहुंचे।
मुख्य कर निर्धारण अधिकारी से सपा पार्षद दल के नेता ने कहा कि तीन दिन में दो बार वह पैरवी कर चुके है। आपने कहा था कि बिल ठीक हो जाएगा लेकिन आज भी सिर्फ आश्वासन मिल रहा है। इसी को लेकर सपा पार्षद दल के नेता कुर्सी से उठकर उनके ही कार्यालय में फर्श पर बैठ गए। आश्वासन पर करीब पांच मिनट में वह धरने से उठे।
गौरव सक्सेना ने बताया कि मुख्य कर निर्धारण अधिकारी ने बुधवार तक प्रकरण के निस्तारण करने भरोसा दिया। पार्षद बोले-यह सांंकेतिक धरना था। अगर निस्तारण न हुआ तो आगे बेमियादी धरना देंगे। ब्यूरो
पीड़ित ने बयां किया अपना दर्द
कर अधिक लगा दिया गया था। संशोधन के लिए मेरे पिता ने चार महीने पहले स्वकर निर्धारण का प्रारूप भरकर दिया था। प्रकरण का निस्तारण नहीं किया गया। पिता का निधन पांच मार्च को गया है। अब मैं नगर निगम तक चक्कर लगा रहा हूं। तीन दिन में दो बार तो पार्षद भी नगर निगम के दफ्तर आ चुके, निस्तारण अब तक नहीं हुआ है। - विपिन सक्सेना, राजेंद्रनगर