कारखास सिपाहियों ने की धरपकड़, ढाबों से होती है अफीम-स्मैक की सौदेबाजी
फरीदपुर (बरेली)। इंस्पेक्टर रामसेवक जिस स्मैक की सौदेबाजी में सात लाख रुपये लेकर निलंबित हुए, उसमें वसूली की पटकथा उनके कारखास सिपाहियों ने रची थी। तस्करों की बातचीत का एक ऑडियो वायरल होने के बाद धरपकड़ और वसूली की गई, अब इन सिपाहियों पर कार्रवाई की तैयारी।
फरार आरोपी आलम नवदिया अशोक गांव का निवासी और ढाबा संचालक है। आलम का एक ऑडियो वायरल हुआ, जिसमें वह अफीम का सौदा करने की बात कर रहा था। आलम एक और ताजुश्शरिया मुस्लिम ढाबा अरशद की पार्टनरशिप में चलाता है। उसके ढाबे पर झारखंड समेत कई प्रदेशों से ट्रक आकर रुकते हैं और यहां ड्राइवर खाना-पीना कर उसकी स्मैक व अफीम ले जाने का काम करते हैं। आलम के नाना का समनानी संभल मुस्लिम ढाबा है। यहां भी आलम की सक्रियता रहती है। इन सभी की आलम से बात का ऑडियो दो दिन पहले वायरल हुआ था। जब यह ऑडियो पुलिस तक पहुंची तो बुधवार रात थाने की फर्स्ट मोबाइल गाड़ी तस्करों को पकड़ने गई। इसमें इंस्पेक्टर के कारखास सिपाही मौके पर गए और तीनों आरोपियों को हिरासत में ले लिया।संवाद