कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (ईपीएफओ) के कर्मचारी ने सरकारी नौकरी दिलाने के नाम पर छह लाख रुपये ठग लिए। उसने चार लाख रुपये ऑनलाइन और दो लाख नकद लिए। एसीजेएम कक्ष संख्या-एक के आदेश पर बारादरी थाना पुलिस ने नामजद रिपोर्ट दर्ज कर ली है।
डोहरा रोड स्थित सन राइज कॉलोनी गनी नंबर दो निवासी प्रिंस ने बताया कि उनके पिता राजेंद्र कुमार ईपीएफओ कार्यालय में कर्मचारी थे। वह 30 जून 2024 को सेवानिवृत्त हो गए। पिता की सेवानिवृत्ति के कागजात कार्यालय में तैनात कर्मचारी केतन सक्सेना को तैयार करने थे। ऐसे में उनकी केतन से जान पहचान हो गई। दोनों में बात भी होने लगी। केतन ने कहा कि उसका चचेरा भाई एफसीआई में नौकरी करता है। उसकी अधिकारियों से अच्छी पकड़ है। एफसीआई में नौकरी लगवा सकता है। प्रिंस ने उससे कहा कि वह और उसका छोटा भाई बेरोजगार हैं। केतन ने दोनों की नौकरी लगवाने के लिए चार लाख रुपये की मांग की। उसने चार लाख रुपये ऑनलाइन देने के साथ दोनों भाइयों के शैक्षिक प्रमाण पत्र व अन्य कागजात केतन को दे दिए।
इसके बाद केतन ने दो लाख रुपये नकद लिए। इसके बाद भी नौकरी नहीं लगी तो केतन से रुपये वापस मांगे। उसने जान से मारने की धमकी और और दोनों भाइयों के खिलाफ बारादरी थाने में फर्जी रिपोर्ट दर्ज करा दी। प्रिंस ने अधिकारियों से कई बार शिकायत की, लेकिन उसकी ओर से रिपोर्ट दर्ज नहीं की गई तो उसने कोर्ट की शरण ली। इंस्पेक्टर विजेंद्र सिंह ने बताया कि रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। जांच की जा रही है।