नैनीताल मार्ग स्थित सरस्वती शिशु मंदिर में मंगलवार को शिशु भारती चयन परीक्षा का आयोजन किया गया। इस विशेष परीक्षा का मुख्य उद्देश्य छात्र-छात्राओं की बौद्धिक क्षमता, सामान्य ज्ञान और तार्किक सोच का सटीक मूल्यांकन करना था, ताकि योग्य विद्यार्थियों की पहचान कर उन्हें उचित मंच प्रदान किया जा सके। प्रधानाचार्य संजीव कुमार पांडेय ने कहा कि ऐसी प्रतियोगिताएं विद्यार्थियों में स्वस्थ प्रतिस्पर्धा की भावना जागृत करती हैं और उन्हें अपने ज्ञान को निखारने का अवसर देती हैं। शिशु भारती प्रमुख राजेश कुमार शर्मा ने इस परीक्षा को बच्चों के सर्वांगीण विकास की दिशा में एक प्रभावी कदम बताया।