बरेली। बिजली कटौती ने रविवार को सीजन के सभी रिकाॅर्ड तोड़ दिए। परसाखेड़ा और बालीपुर से आ रहीं 33 केवी लाइनों में फॉल्ट के कारण किला, मढ़ीनाथ, सुभाषनगर, महानगर उपकेंद्र पूरी तरह ठप रहे। दुर्गानगर, कोहाड़ापीर, राजेंद्रनगर उपकेंद्र से जुड़े इलाकों में भी उपभोक्ताओं ने कटौती झेली। आधे शहर की बिजली आपूर्ति ठप रही। कई इलाकों में 15 घंटे तक कटौती की गई। जलापूर्ति भी प्रभावित रही।
परसाखेड़ा उपकेंद्र में खराबी और पेड़ गिरने से लाइनें क्षतिग्रस्त होने के कारण आपूर्ति सुचारु करने में अभियंता भी फेल रहे। डीएम रविंद्र कुमार की फटकार के बाद रात आठ बजे मुख्य अभियंता रणविजय सिंह, अधीक्षण अभियंता अंबा प्रसाद वशिष्ठ, अधिशासी अभियंता सतेंद्र चौहान परसाखेड़ा उपकेंद्र पहुंच गए। मढ़ीनाथ और सुभाषनगर उपकेंद्र से जुड़े इलाकों में 12 घंटे बाद रात नौ बजे आपूर्ति चालू हो सकी। रात आठ बजे के बाद किला उपकेंद्र की आपूर्ति चालू हुई तो इनकमिंग लाइन में फॉल्ट हो गया। हरुनगला उपकेंद्र के पवन विहार, पीलीभीत बाइपास इलाकों में दिनभर समस्या बनी रही। सनसिटी उपकेंद्र से जुड़े इलाकों में भी समस्या रही।
हवा के बीच लाइनें क्षतिग्रस्त होने से शाहदाना, सिविल लाइंस तृतीय, सरायतल्फी, हरुनगला, जगतपुर, राधा माधव, मिशन कंपाउंड उपकेंद्र के इलाकों में भी उपभोक्ताओं को कटौती और ट्रिपिंग का सामना करना पड़ा। देर रात तक आपूर्ति सामान्य करने में अभियंताओं के पसीने छूट गए।
अलखनाथ मंदिर पहुंचे डीएम ने अभियंताओं को फटकारा
डीएम रविवार शाम सात बजे अलखनाथ मंदिर पहुंचे। अलखनाथ मंदिर इलाके को किला उपकेंद्र से आपूर्ति मिलती है। वहां आपूर्ति ठप थी। डीएम ने आसपास के लोगों से मालूम किया तो पता चला कि कई घंटे से आपूर्ति ठप है। इस पर डीएम ने नाराजगी जताई। अभियंताओं को फटकारते हुए आपूर्ति सुचारु कराने के निर्देश दिए।
फॉल्ट तलाशने में लगे नौ घंटे
परसाखेड़ा से आने वाली 33 केवी लाइन के फॉल्ट तलाशने में आठ घंटे लगे। रविवार को इस लाइन पर कई जगह फॉल्ट हुए थे। एक स्थान पर पेड़ गिरने से लाइन क्षतिग्रस्त हो गई थी। दूसरी जगह इंसुलेटर जल गया था। इस वजह से सुभाषनगर और मढ़ीनाथ उपकेंद्र से जुड़े इलाकों में बिजली सुबह नौ बजे गुल हुई तो रात नौ बजे तक सामान्य नहीं हो सकी। यही स्थिति महानगर उपकेंद्र की रही। यहां आने वाली 33 केवी लाइन पर बालीपुर गांव के पास पेड़ गिरने से फॉल्ट हो गया था।
रविवार को तेज हवा की वजह से 33 और 11 केवी लाइनें क्षतिग्रस्त होने के कारण समस्या रही। हवा और कांवड़ियों के जत्थों के गुजरने की वजह से एहतियात के तौर पर भी कुछ लाइनाें को बंद करना पड़ा। लोकल फॉल्ट की भी समस्या रही। अब आपूर्ति सामान्य है। जहां भी लाइनें क्षतिग्रस्त हुई थीं, उनको ठीक कर लिया गया है। - अंबा प्रसाद वशिष्ठ, अधीक्षण अभियंता
कॉल रिसीव नहीं करते अभियंता
सुबह से आपूर्ति ठप है। एसडीई, जेई, एक्सईएन तक कॉल रिसीव नहीं करते। कम से कम उपभोक्ताओं को कटौती का कारण और आपूर्ति कितनी देर में शुरू होगी, यह जानकारी मिलनी चाहिए। इस संबंध में चीफ इंजीनियर से भी शिकायत कर चुका हूं। - दिनेश अग्रवाल, साहूकारा
कई दिनों से कटौती परेशान कर रही है। रविवार को दिनभर आपूर्ति ठप रही। जिम्मेदारों ने कॉल रिसीव नहीं की और उपकेंद्र पर कटौती का कारण नहीं बताया गया। सुबह जाने के बाद रात नौ बजे बिजली आपूर्ति चालू हुई। इसके बाद ट्रिपिंग होती रही। पानी की समस्या भी रही। - प्रत्यूष, बदायूं रोड
पिछले 10-12 दिन से बिजली आपूर्ति का बुरा हाल है। सुबह और शाम की कटौती से दोहरी मार झेलनी होती है। जलापूर्ति भी ठप रहती है। रात में कटौती से दिनचर्या प्रभावित हो रही है। विद्युत निगम के जिम्मेदार कटौती का कारण भी स्पष्ट नहीं करते। - ममता सिंह, गंगापुरम
इस सीजन में बिजली कटौती ने सभी रिकाॅर्ड तोड़ दिए हैं। सरकार 24 घंटे आपूर्ति का दावा कर रही है, दूसरी ओर अभियंता जनता को गुमराह कर रहे हैं। 24 घंटे आपूर्ति के दावों के बीच 15 घंटे तक कटौती की जा रही है। इस ओर जिम्मेदारों का ध्यान नहीं जाता। - उदित, सुभाषनगर