बरेली। सीमा पार से आए घुसपैठियों की खोज के लिए डीएम एसएसपी ने शनिवार से अभियान शुरू कर दिया है। पहले दिन वह बरेली महानगर में पीलीभीत मार्ग पर रुहेलखंड यूनिवर्सिटी के पास बनी झुग्गी-बस्तियों, अस्थायी ठिकानों, दुकानों और निर्माण स्थलों पर पहुंचे। यहां पर दोनों अधिकारियों ने परिवारों से पूछताछ की। हालांकि, इस दौरान कोई संदिग्ध नहीं मिला। पूछताछ में कुछ लोग सीतापुर तो कुछ हरदोई के मूल निवासी पाए गए, जो यहां मार्ग के किनारे फुटपाथ पर अस्थाई व्यापार करते हैं।
घुसपैठियों के विरुद्ध शनिवार से शुरू हुए सर्च अभियान के दौरान अधिकारियों ने बांग्ला भाषा बोलने वाले कुछ स्थानीय लोगों की भी मदद ली, ताकि संदिग्ध व्यक्तियों की पहचान सही ढंग से की जा सके। अधिकारियों को बरेली में चौपुला बगिया, पीलीभीत बाइपास, सुभाषनगर समेत जहां भी संदिग्ध लोगों के होने की आशंका है। वहां उनके विरुद्ध सर्च ऑपरेशन चलाने के निर्देश दिए हैं। डीएम अविनाश सिंह ने बताया कि अभियान के दौरान राहगीरों, मजदूरों, बाहरी और संदिग्ध लोगों से पूछताछ की जा रही है। डीएम ने बताया कि पूरे जिले में अभियान शुरू हो गया है, जो भी संदिग्ध मिलेंगे उन्हें पुरानी जिला जेल में रखा जाएगा। उन्होंने बताया कि बिना किसी वैध दस्तावेज के रोहिंग्या, बांग्लादेशी या अन्य जो सीमा पार से आए हुए लोग हैं, उनका सत्यापन की करवाई चल रही है। इसके लिए तहसील स्तर पर भी एसडीएम-सीओ को निर्देश जारी कर दिए गए हैं। इसके अलावा लोकल इंटेलिजेंस व अन्य खुफिया एजेंसी लगाई गई हैं। इस दौरान एडीएम सिटी सौरभ दुबे, एसपी सिटी मानुष पारीक भी थे।
पुरानी जिला जेल का डीएम-एसएसपी ने किया निरीक्षण
जिला प्रशासन पुरानी जिला जेल में डिटेंशन सेंटर बना रहा है। इसके अलावा भी डिटेंशन सेंटर के लिए ही अन्य बेहतर विकल्प भी देखे जा रहे हैं। डीएम-एसएसपी ने पुरानी जेल का निरीक्षण भी किया। वहां के इंतजाम को दुरुस्त करने के लिए संबंधित को निर्देश भी जारी किए हैं। संवाद