धर्म शास्त्रों के अनुसार, इस महीने में पूजन-अर्चन का महत्व बढ़ जाता है। अधिक मास में पूजा करने से अधिक फल की प्राप्ति होती है। भगवान नारायण की कृपा भक्तों पर बरसती है। मन से पूजन करने से भक्तों की मनोकामना शीघ्र ही पूर्ण होती है। सावन चूंकि भोले नाथ को समर्पित है। सावन के सोमवार भगवान शिव को विशेष प्रिय हैं। ऐसे में सोमवार को पूजा-अर्चना व जलाभिषेक करने से शिव जी की भी विशेष कृपा मिलती है।
नारायण का महीना है यह
पंडित विनीत शास्त्री ने बताया कि धर्म शास्त्रों में भी कहा गया है कि इस मास में पूजा का अधिक फल मिलता है। यह पुरुषोत्तम यानी नारायण का महीना है। पंडित उमा शंकर शास्त्री ने कहा कि यह महीना वरदान की तरह है। इस महीने की गई साधना, आराधना शीघ्र सफल होती है। पूजा-अर्चना का भी अधिक महत्व है। पंडित प्रदीप दीक्षित ने कहा कि भगवान ने अधिक मास बनाया ही अधिक फल देने के लिए है। इसलिए इस महीने में समर्पित भाव से ही भक्ति करनी चाहिए।
तिल से करें अभिषेक
जलाभिषेक के दौरान काले तिल भगवान शिव को अवश्य अर्पित करना चाहिए। काले तिल भगवान विष्णु को भी विशेष प्रिय हैं। इस महीने में पूजा पाठ से ग्रह दोष, पितृदोष और सभी प्रकार की बाधाओं से मुक्ति मिलती है।
दान से मिटते हैं दोष
पुरुषोत्तम मास में दान-पुण्य का विशेष महत्व होता है। इससे कुंडली के ग्रह दोष व पितृ दोष शांत होते हैं। सकारात्मक ऊर्जा का प्रवाह तीव्र होता है। यानि ईश्वर की कृपा से सुख समृद्धि की बरसात होती है। लिहाजा राशियों के अनुसार कुछ वस्तुओं के दान करने से लाभ होता है। आप भी जानिए इस माह किस राशि वाले को क्या दान करना चाहिए।
राशि के अनुसार करें दान
मेष- मालपुआ, घी, चांदी, लाल कपड़े, केले, अनार, सोना, तांबा, मूंगा और गेहूं।
वृषभ- सफेद वस्त्र, चांदी, सोना, मालपुआ, मावा, शक्कर, चावल, केला, गाय, हीरा, मोती, वाहन।
मिथुन- पन्ना, सोना, मूर्ति के लिए छत्र, तेल, कांसे के बर्तन, मूंग की दाल, सेब, मालपुआ, कंगन, सिंदूर, साड़ी।
कर्क- मोती, चांदी, किसी प्याऊ में मटका, तेल, सफेद कपड़े, सोना, गाए, मालपुए, मावा, दूध, शकर, चावल।
सिंह- लाल कपड़े, तांबा, पीतल, सोना, चांदी, गेहूं, मसूर, माणिक्य, धार्मिक पुस्तकें, अनार, सेब।
कन्या- मूंग की दाल, सोना, छत्र, तेल, केले, सेब, गौशाला में धन और घास।
तुला- सफेद कपड़े, मालपुआ, मावा, शक्कर, चावल, केले।
वृश्चिक- घी, लाल कपड़े, मौसमी फल, अनार, तांबा, मूंगा, गेंहू।
धनु- पीले कपड़े, चने की दाल, लकड़ी के सामान, घी, तिल, अनाज, दूध।
मकर और कुंभ- तेल, दवाइयां, नीले कपड़े, केले, औजार, लोहा, मौसमी फल।
मीन- पीले कपड़े, चने की दाल, घी, दूध व दूध से बनी मिठाई, शिक्षा से जुड़ी चीजें।