बरेली। मंगलवार को मुख्यमंत्री के हाथों शिलान्यास के बाद आरटीओ कार्यालय अब परसाखेड़ा में बनाया जाएगा। सीएंडडीएस को यह जिम्मेदारी दी गई है। एक जुलाई 2026 तक निर्माण पूरा होना है। इसके बाद कार्यालय वहां शिफ्ट हो जाएगा। इस पर 16.61 करोड़ रुपये खर्च होंगे। अभी आरटीओ कार्यालय शाहजहांपुर हाईवे पर नकटिया के पास किराये के भवन में चल रहा है। नया भवन अब परसाखेड़ा में ऑटोमेटिक ड्राइविंग टेस्टिंग ट्रैक के पास बनाया जाना है। सोमवार को परिवहन विभाग के अधिकारी शिलान्यास की तैयारियों में लगे रहे।
अन्नपूर्णा मॉडल और नाथ कॉरिडोर का होगा प्रजेंटेशन
विकास भवन सभागार में मुख्यमंत्री के सामने अन्नपूर्णा मॉडल शॉप और नाथ कॉरिडोर का प्रजेंटेशन रहेगा। एमएसएमई टाउनशिप का खाका भी पेश किया जाना है। बीडीए ने प्रस्तावित नाथधाम टाउनशिप के मॉडल भी तैयार किए हैं। लोकार्पण के लिए रामायण वाटिका, स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स, बीडीए ऑफिस के मॉडल बनवाए गए हैं। देश की पहली अन्नपूर्णा मॉडल शॉप जिले के भरतौल गांव में एक मई 2023 को धरातल पर उतरी थी। आर्किटेक्ट सुमित अग्रवाल की ओर से तैयार किया गया यह मॉडल सभी पसंद आया। बने हैं। दूसरे राज्यों ने भी इसे अपनाया है।
250 बसें लगीं, 30 हजार लाभार्थी जुटाने की तैयारी
विभिन्न योजनाओं के लाभार्थियों को जनसभा में लाने के लिए 250 बसें लगाई गईं हैं। जिले के ग्राम और ब्लाॅक स्तरीय अधिकारी लाभार्थियों से संपर्क कर उन्हें बरेली कॉलेज के मैदान तक लाने में जुटे हैं। उनका प्रयास है कि सुबह नौ बजे तक तीस हजार लाभार्थी कार्यक्रम स्थल पर पहुंच जाएं।
अटल आवासीय विद्यालय में होगी निशुल्क पढ़ाई
बरेली मंडल का अटल आवासीय विद्यालय बनकर तैयार हो गया है। योगी आदित्यनाथ द्वारा लोकार्पण के बाद यहां शैक्षिक सत्र शुरू हो जाएगा। यहां श्रमिकों के मेधावी बच्चों को निशुल्क पढ़ने का मौका मिलेगा। आवासीय सुविधा का भी लाभ दिया जाएगा। इस सत्र के लिए 280 बच्चों का प्रवेश हो चुका है। लखनऊ में पढ़ रहे बरेली मंडल के 315 विद्यार्थी भी यहां शिफ्ट किए जाने हैं। 15 एकड़ भूमि पर करीब 73.35 करोड़ रुपये की लागत से यह स्कूल बना है। यहां छठवीं से 12वीं तक बालक-बालिका दोनों की पढ़ाई कराई जाएगी। यहां 11 शिक्षकों को तैनात किया गया है। प्रधानाचार्य सलमान हुसैन ने बताया कि बरेली में अटल आवासीय विद्यालय खुलने के बाद लखनऊ में पढ़ रहे बरेली मंडल के 315 छात्र-छात्राओं को यहां बुला लिया जाएगा। परिसर में बनाए गए दो अलग-अलग छात्रावास में 500- 500 बालक व बालिकाओं की आवासीय व्यवस्था है। संवाद