बरेली। विशेषज्ञों ने जैसा पूर्वानुमान लगाया था, गुरुवार को मौसम का मिजाज वैसा ही रहा। सुबह से ही सूरज घने बादलों के बीच में में छुपा रहा और सर्द हवा ने लोगों को शीतलहर का अहसास करा दिया। धूप न खिलने से अधिकतम तापमान भी चार डिग्री और लुढ़क गया। मौसम विभाग ने अगले चार दिन तक और बादल मंडराने और तापमान में और गिरावट दर्ज होने की बात कही है।
गुरुवार की सुबह से ही मौसम बदला बदला रहा। रोज निकलने वाली धूप सुबह से ही गायब रही। सुबह 11 बजे के बाद हल्की धूप खिली मगर सर्द हवा के आगे बेअसर रही। दोपहर में भी हल्के घने बादल मंडराते रहे और ठंडी हवा ने लोगों की कंपकंपी छुड़ा दी। आंचलिक मौसम अनुसंधान केंद्र के डायरेक्टर डॉ. जेपी गुप्ता के मुताबिक, बुधवार की देर रात से ही हवा की दिशा बदलने से पहाड़ों के बादल मैदान में प्रवेश करने लगे थे। जिसकी वजह से सुबह घने बादलों का जमावड़ा रहा। गुरुवार को बारिश के भी आसार थे मगर अनुकूल माहौल न मिलने की वजह से बारिश नहीं हो सकी। उन्होंने अगले करीब पांच दिन तक हवाओं के स्थिर रहने से हल्की धूप खिलने के साथ ही बादलों के मंडराने की बात कही है। विशेषज्ञों के मुताबिक, न्यूनतम तापमान में गिरावट हो सकती है। गुरुवार को अधिकतम तापमान सामान्य से चार डिग्री कम 22.3 डिग्री और न्यूनतम 11.7 यानी नवंबर के सामान्य तापमान के करीब ही दर्ज हुआ है। नमी का स्तर 87 फीसदी रहा।