अतिक्रमण पर सख्त निगरानी
प्रशासन ने कॉरिडोर को भविष्य में भी साफ-सुथरा रखने के लिए सख्त कदम उठाने का फैसला किया है। पूरे 15 किलोमीटर लंबे मार्ग पर हाईडेफिनिशन सीसी कैमरे लगाए जाएंगे। यदि कोई व्यक्ति अतिक्रमण हटाने के बाद दोबारा सरकारी जमीन या फुटपाथ पर कब्जा करता है, तो उसकी तस्वीरें कैमरों में कैद हो जाएंगी। ऐसे नियम तोड़ने वालों पर जुर्माना लगाया जाएगा और कठोर कानूनी कार्रवाई के साथ एफआईआर भी दर्ज कराई जाएगी।
इस कॉरिडोर को इस तरह डिजाइन किया जा रहा है कि शहर में किसी भी वीवीआईपी के आगमन पर आम जनता को यातायात जाम से न जूझना पड़े। यह मार्ग त्रिशूल एयरफोर्स स्टेशन, प्रमुख सरकारी कार्यालयों और सेना के कमान केंद्रों को जोड़ता है। 10 लेन की चौड़ी सड़क और सर्विस रोड की उपलब्धता से आम यातायात को बिना रोके वीवीआईपी मूवमेंट सुरक्षित निकल सकेगा। यह मार्ग एम्बुलेंस जैसी आपातकालीन सेवाओं के लिए भी अत्यंत उपयोगी साबित होगा।
अपर नगर आयुक्त शशिभूषण राय ने बताया कि वीवीआईपी सड़क को कब्जा मुक्त रखने के लिए कार्ययोजना बनाई जाएगी। इस संबंध में आपसी समन्वय और आगे की कार्रवाई तय करने के लिए बीडीए और ट्रैफिक पुलिस के अधिकारी के साथ बैठक करेंगे।