निर्माण सामग्री हो सकती है महंगी
उत्तराखंड के बाजपुर व किच्छा से बजरफुट व रेत लेकर आने वाले ट्रकों के किराये में भी वृद्धि हुई है। वाजपुर से बरेली होते हुए शाहजहांपुर, पीलीभीत, बदायूं तक बजरफुट व रेत की आपूर्ति की जाती है। शाहजहांपुर तक के किराये में दो हजार रुपये की वृद्धि हुई है। हालांकि, अभी रिटेल मंडी में बजरफुट के दामों में कोई खास वृद्धि नहीं हुई है। ट्रांसपोर्टर रामकृष्ण शुक्ला का कहना है कि बाजपुर से बरेली या शाहजहांपुर की ट्रिप में हजार-डेढ़ हजार रुपये का नुकसान हो रहा है।
सैर-सपाटे पर भी महंगाई का साया
गर्मी की छुट्टी में अगर आप नैनीताल, हरिद्वार, मनाली, देहरादून समेत अन्य जगह घूमने का प्लान बना रहे है तो इस बार आप को अतिरिक्त रकम खर्च करनी पड़ेगी। ईंधन की कीमतों में बढ़ोतरी की वजह से जिले की ट्रैवल एजेंसियों ने किराया बढ़ा दिए हैं। ट्रैवल एजेंसी संचालकों के अनुसार, 15 रुपये प्रति किमी की दर पर जाने वाले वाहन अब 18 रुपये की दर पर जा रहे हैं। पहले नैनीताल जा कर एक दिन में वापसी करने पर 7000 रुपये किराया देना होता था। अब यह आठ हजार रुपये हो गया है।
देहरादून हरिद्वार, मनाली के किराये में भी एक हजार से डेढ़ हजार रुपये प्रतिदिन तक की बढ़ोतरी हुई है। 24 व 26 सीटर वाहन भी अब 30 की जगह 35 रुपये प्रति किलोमीटर पर जा रहे हैं। पर्यटन स्थलों पर भी महंगाई बढ़ गई है। एलपीजी की किल्लत के कारण होटल संचालकों ने खाने के दाम बढ़ा दिए हैं। ऐसे में लोगों को आसपास ही घूमने का पैकेज दिया जा रहा है।
व्यापारी बोले- हो रहा नुकसान
सब्जी कारोबारी वाजिद ने बताया कि डीजल के दाम बढ़ने से हल्द्वानी, बदायूं समेत अन्य जिलों से सब्जी लेकर मंडी आने वाले ट्रकों ने अपने भाड़े बढ़ा दिए हैं। इससे नुकसान हो रहा है। सब्जी कारोबारी हाजी नाजिम कुरैशी ने कहा कि मध्य प्रदेश से प्याज लेकर आने वाले ट्रकों ने 14 हजार रुपये भाड़ा बढ़ा दिया है। इससे आने वाले समय में प्याज की कीमत बढ़नी तय है।
ट्रैवल एजेंसी संचालक राकेश कालरा ने बताया कि सात सीटर वाहनों पर प्रति किमी तीन रुपये, 24 व 26 सीटर वाहनों का किराया पांच रुपये प्रति किमी बढ़ा है। अब बुकिंग पर इसका असर दिखेगा। ट्रांसपोर्टर दीपक द्विवेदी ने बताया कि डीजल के दाम बढ़ने से आम जनमानस पर हर तरीके से प्रभाव पड़ेगा। साथ ही, जो सरकारी विकास कार्य चल रहे हैं, उनमें भी रुकावट आएगी।