बरेली। बिजली निगम में संविदा कर्मचारियों की छंटनी के बाद उपभोक्ताओं की समस्याएं बढ़ने लगी हैं। शहर में 128 और देहात क्षेत्र में 40 कर्मचारियों की संविदा खत्म करते हुए एक फरवरी से उनको नौकरी से निकाला गया है। दो फरवरी से इसका असर भी दिखने लगा। रविवार को हेल्पडेस्क और टोल फ्री नंबर पर आने वाली शिकायतों का निस्तारण नहीं हो सका।
रविवार को टोल फ्री नंबर और हेल्प डेस्क पर 39 उपभोक्ताओं ने शिकायत दर्ज कराईं। ज्यादा शिकायत लोकल फॉल्ट और बिजली बिलों में गड़बड़ी की रहीं। इनमें 19 शिकायतों का ही निस्तारण हो सका। बिजली उपकेंद्रों पर उपभोक्ताओं की शिकायत दर्ज ही नहीं हो सहीं। अधीक्षण अभियंता ब्रह्मपाल ने बताया कि निर्बाध बिजली आपूर्ति निगम की प्राथमिकता है। दूसरे नंबर पर राजस्व वसूली है। आपूर्ति से जुड़े कर्मचारियों की छंटनी नहीं की गई है। 11 केवी और एलटी लाइनों के कर्मचारियों को बढ़ाया गया है। शहर में 12 एसएसओ की छंटनी की गई है। राजस्व वसूली गैंग कम किए गए हैं। उन्होंने बताया कि आरडीएसएस के तहत कार्यों के चलते रविवार को कुछ स्थानों पर समस्या रही। संवाद