बरेली। लिक्विफाइड पेट्रोलियम गैस (एलपीजी) की किल्लत के बीच वैवाहिक समारोहों के लिए सिलिंडर वितरण में पारदर्शिता के लिए लागू व्यवस्था में भी लोग सेंध लगाने लगे हैं। रविवार को विवरण कंप्यूटर में दर्ज करने पर दो मामले पकड़ में आए। इस कारण आवेदन खारिज कर दिया है।
वैवाहिक समारोह में सिलिंडर आपूर्ति की समस्या से निजात दिलाने, ओवर रेटिंग, फर्जीवाड़ा पर अंकुश लगाने के लिए प्रशासन ने कॉमर्शियल सिलिंडर वितरण की व्यवस्था की है। प्रार्थना पत्र के साथ वैवाहिक कार्ड, वैध मोबाइल नंबर, हलवाई या आयोजन स्थल प्रभारी के मोबाइल नंबर के साथ सिलिंडर की संख्या दर्ज करने पर सिलिंडर उपलब्ध करा रहे हैं। कन्या पक्ष को प्राथमिकता दे रहे हैं। अब तक 340 आवेदकों को 13 सौ सिलिंडर का वितरण कराया जा चुका है। किसे, कितने और किस संबंध में सिलिंडर दिए जा रहे हैं, इसका भी विवरण दर्ज किया जा रहा है।
रविवार को अवकाश में भी कार्यालय खुला। एक महिला और एक बुजुर्ग पत्र सौंपकर चले गए। आवेदक का नाम, पता अलग था पर वर, वधू का नाम, आयोजन स्थल, तिथि समान थी। ब्योरा कंप्यूटर पर दर्ज होते ही पूर्व में सिलिंडर मुहैया कराने का पता चलने पर आवेदन खारिज किया।