बरेली। अकिंचन महाराज ने कहा कि प्रभु अपने भक्तों के लिए कुछ भी करने को तैयार रहते हैं, वह केवल भाव के भूखे हैं। आनंद आश्रम में रविवार से अध्यात्म की गूंज संस्था के तत्वावधान में नरसी भात की कथा सुनाई जा रही है।
जयपुर से आए अकिंचन महाराज ने बताया कि भगवान कृष्ण ने सांवरिया सेठ का रूप रखकर उनके अनन्य भक्त नरसी मेहता, जो दरिद्र थे, उनके घर में विवाह पर ऐसा इंतजाम किया जिससे नरसी का मान समाज में ऊंचा हो गया। उन्होंने कथा के बीच में भजन भी सुनाए। इस अवसर पर सुमेधा अग्रवाल, प्रतिभा, कंचन, नमिता, रेनू, सीमा, रूबी सक्सेना आदि उपस्थित रहीं। संवाद