नवाबगंज। विकासखंड नवाबगंज में स्वयं सहायता समूहों (एसएचजी) के खातों में मद से अधिक रुपये भेजे जाने के मामले में प्रशासन ने रिकवरी की प्रक्रिया तेज कर दी है। एसएचजी के संचालकों को नोटिस भेजे गए हैं। धनराशि वापस करने में आनाकानी करने वाले संचालकों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई जाएगी।
विकास खंड कार्यालय में तत्कालीन ब्लॉक मिशन मैनेजर (बीएमएम) एवं नोडल अधिकारी अमित कुमार ने वर्ष 2021-2022 के दौरान नियमों की अनदेखी करते हुए 35 एसएचजी के खातो में 35,50,000 रुपये के बजाय एक करोड़ छह लाख रुपये भेज दिए। मामला सामने आने पर आरोपी अमित कुमार के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई। सीडीओ देवयानी ने खंड विकास अधिकारी महेश चंद्र शाक्य से मामले की जांच रिपोर्ट तलब की है। पुलिस आरोपी की तलाश में जुटी है। उपनिरीक्षक दिनकर सिंह और खंड विकास अधिकारी महेंश चंद्र शाक्य ने बताया कि संचालकों को खाते में गए अतिरिक्त रुपये वापस करने के लिए नोटिस भेज दिए गए हैं। धनराशि वापस करने में आनाकानी करने पर संचालकों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई जाएगी।
संचालक ने 1,25,000 रुपये की हेराफेरी की रिपोर्ट दर्ज कराई
गांव हरदुआ निवासी प्रवेश कुमारी और गांव ईध जागीर निवासी गौरी समूह बनाने का काम करती हैं। प्रवेश कुमारी ने बताया कि कुछ समय पहले ब्लॉक कर्मचारियों की लापरवाही के कारण गौरी के समूह के 1,25,000 रुपये प्रवेश के खाते में आ गए थे। गौरी से संपर्क करने पर उन्होंने प्रवेश से कहा, अब मैं समूह नहीं चलाऊंगी। रुपये वापस कर दें। प्रवेश कुमारी ने वो रकम अपने निजी बैंक खाते में डाल दी।
आरोप है कि इसके कुछ दिनों बाद गौरी की भतीजी किरन प्रवेश के पास गई। किरन ने प्रवेश से कहा, बुआ गौरी ने अपने रुपये वापस मांगे हैं। प्रवेश ने 1,25,000 रुपये किरन को दे दिए। प्रवेश ने किरन को बताया कि उनकी भतीजी रुपये ले गई है। जब किरन से रुपये मांगे गए, तो उसने टामलटोल की। प्रवेश ने किरन के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी।