बरेली में साइबर क्राइम थाना पुलिस ने एक व्यक्ति से साइबर धोखाधड़ी के जरिये ठगी गई रकम का बड़ा हिस्सा वापस करा दिया। पीड़ित महिला रकम वापस पाकर खुशी से फूली न समाई, उन्हें यह रुपया वापस मिलने की कोई उम्मीद नहीं थी।
उमा शरण पांडेय ने 15 अप्रैल 2026 को साइबर क्राइम थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया कि उनके व्हाट्सएप पर 'इंडियन बैंक पेंशन कार्ड' नाम से एक एपीके फाइल आई थी। इस फाइल को ओपन करने के बाद उनके खाते से चार लाख अठानवे हजार रुपये के दो लेनदेन हुए। कुल नौ लाख अठानवे हजार रुपये की साइबर धोखाधड़ी की गई थी।
ठगी के बाद पीड़ित ने 1930 पर तत्काल शिकायत की थी, साथ ही रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पुलिस ने पता लगाकर धोखाधड़ी की गई राशि को पीड़ित के खाते में वापस कराया। इस कार्रवाई से सात लाख बानवे हजार पांच सौ रुपये की राशि वापस मिल सकी।
एसएसपी अनुराग आर्य ने बताया कि सोमवार को उमाशरण की पत्नी ने साइबर थाने जाकर ये रकम प्राप्त की। एसएसपी ने कहा कि किसी अज्ञात व्यक्ति के साथ बैंक खाता, ओटीपी, सीवीवी, यूपीआई पिन या अन्य गोपनीय वित्तीय जानकारी साझा न करें। किसी भी साइबर धोखाधड़ी की स्थिति में तुरंत राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन 1930 पर कॉल करें। इसके अलावा,
www.cybercrime.gov.in पर शिकायत दर्ज कराएं, ताकि समय रहते कार्रवाई हो सके।