बरेली। नवाबगंज और बहेड़ी स्थित शुगर मिल से गन्ना मूल्य के बकाया की वसूली के लिए रिकवरी सर्टिफिकेट (आरसी) जारी करने की संस्तुति की गई है। दोनों मिलों ने बार-बार नोटिस देने के बाद भी भुगतान नहीं किया, तब भू-राजस्व की भांति वसूली का निर्णय लिया गया। गन्ना आयुक्त को आरसी की संस्तुति भेजी गई है। बहेड़ी स्थित केसर शुगर मिल से गन्ना मूल्य और समिति अंशदान का 194.50 करोड़ रुपये वसूलने की संस्तुति की गई है। मिल पर 185.50 करोड़ रुपये गन्ना मूल्य और 14 दिन में भुगतान न करने की वजह से 5.90 करोड़ रुपये ब्याज लगाया गया है। गन्ना समिति का अंशदान 2.62 करोड़ तथा इस पर ब्याज का 7.42 लाख रुपये है। नवाबगंज स्थित ओसवाल शुगर मिल पर गन्ना मूल्य का 23.29 करोड़ और ब्याज का 8.97 करोड़ रुपये बकाया है। गन्ना समिति के अंशदान का 36.94 लाख और ब्याज का 13.79 लाख रुपये है। इसे जोड़कर आरसी तैयार की गई है। जिला गन्ना अधिकारी ने बताया कि समय पर भुगतान न करने पर आरसी जारी करने का नियम है। इसलिए आरसी की संस्तुति भेजी गई है। अमर उजाला ब्यूरो