अतिक्रमण हटाने पहुंची नगर निगम और पुलिस की टीम के साथ मारपीट करने के आरोपी व्यापारी राजा सेठी और उसके दो बेटों के खिलाफ एफआईआर होने के बाद पैरवी के लिए थाने में फोन आने शुरू हो गए। एक ऐसा ही फोन आने पर झल्लाए इंस्पेक्टर सुभाषनगर चीख पड़े कि उसने मेरा गिरेबान पकड़ा है... चाहे जिसकी सिफारिश लेकर आ जाओ, उसे छोड़ूूंगा नहीं।
इंस्पेक्टर का गिरेबान पकड़ने के आरोपी नमनदीप को गिरफ्तारी के बाद बृहस्पतिवार को जेल भेजा जाना था, लेकिन साक्ष्य संकलन पूरा किए जाने के नाम पर पुलिस अब उसे शुक्र्रवार को जेल भेजेगी। वहीं राजा सेठी और उसके एक अन्य फरार बेटे की गिरफ्तारी के लिए दबिश दी गई, लेकिन पुलिस को कामयाबी नहीं मिली।
सुभाषनगर में गुरुद्वारे से लगे मार्केट में हरजीत सिंह उर्फ राजा सेठी की दुकान है। उसके बोर्ड के अतिक्रमण को हटाने पहुंची नगर निगम की टीम से राजा सेठी, उनका बड़ा बेटा नमनदीप और छोटा बेटा गगनदीप उलझ गए थे। थाने के इंस्पेक्टर कृष्ण मुरारी दोहरे का गिरेबान पकड़कर उन्हें थप्पड़ मार दिया था। जिसके बाद पुलिस वालों ने नमनदीप को पकड़ लिया और घसीटते हुए थाने लेकर आए थे। मौके से राजा सेठी और उसका बेटा गगनदीप भाग निकले थे। नमनदीप को बृहस्पतिवार को जेल भेजा जाना था, लेकिन पुलिस का कहना है कि अभी साक्ष्य नहीं जुट पाए हैं, लिहाजा उसे साक्ष्य संकलन करने के बाद अब शुक्रवार को जेल भेजा जाएगा। वहीं राजा सेठी के घर और रिश्तेदारों के यहां पुलिस की दबिशें चल रही है। लेकिन उसको पकड़ा नहीं जा सका है। पुलिस का दावा है कि जल्द दोनों को पकड़कर जेल भेजा जाएगा।