बरेली। किसानों को मौसम में बदलाव, हवा की दिशा और क्षेत्र में कितनी बारिश हुई, इसकी जानकारी के लिए परेशान नहीं होना पड़ेगा। सरकार के निर्देश पर जिले के 1193 ग्राम पंचायतों में स्वचालित वर्षामापी संयंत्र लगेंगे। चिन्हित कुछ पंचायतों में मौसम सूचना नेटवर्क भी लगेगा।
मौसम और कृषि विभाग द्वारा संबंधित उपकरण स्थापित करने के लिए सर्वे का कार्य जिले में शुरू हो गया है। बिथरी चैनपुर की निर्मल ग्राम भरतौल समेत 64 पंचायतों में सर्वे का काम पूरा हो गया है। इसके अलावा जिले के अन्य विधानसभा क्षेत्रों की पंचायतों में भी सर्वे जारी है। कृषि विभाग के सर्वेयर अभिषेक पटेल के मुताबिक बीते सप्ताह भरतौल में उपकरण लगाने के लिए स्थान का चयन किया गया। प्रधान प्रतिनिधि रीतराम के सहयोग से सैनिक कम्युनिटी हॉल और कूड़ा कलेक्शन सेंटर के बीच खाली स्थान पर उपकरण लगाना प्रस्तावित है। इसी तरह अन्य पंचायतों में भी स्थान चिन्हित किए हैं।
बताया कि उपकरण से किसानों को दैवी आपदा से राहत मिलने की उम्मीद है। उन्हें हवा की गति, दिशा, बारिश, ओले गिरने आदि का पहले पता चलेगा। हवा में आर्द्रता यानी नमी का भी पता चलेगा। किसानों को फसल में पानी देने का उपयुक्त समय भी उपकरण बताएगा।
मौसम की पहले से सूचना मिलेगी तो रहेंगे सतर्क
प्रकृति में बदलाव से जलवायु परिवर्तन के साथ फसल चक्र पर असर पड़ रहा है। बेमौसम बारिश, अतिवृष्टि, ओलावृष्टि से किसान को नुकसान होता है। मौसम की अगर पूर्व में जानकारी हो तो सतर्क रहेंगे। नुकसान कम होगा। मौसम विज्ञान केंद्र एवं वर्षामापी संयंत्र ऑटोमेटिक होंगे। जो जानकारी सर्वर पर भेजेंगे। मौसम वैज्ञानिक के विश्लेषण के बाद एप के माध्यम से किसानों को सूचना मिलेगी। यहां प्रति घंटे की मौसम, नमी आदि की पूरी जानकारी अपडेट होती रहेगी। ब्यूरो