अलीगढ़ के जहरीली शराब कांड के सुराग तलाशने के लिए मंगलवार को आबकारी विभाग की टीम ने सीबीगंज और फरीदपुर में फार्मेल्डिहाइड फैक्टरियों में छापा मारा। इस दौरान यहां पर मिथाइल अल्कोहल की आपूर्ति, स्टॉक और उपभोग की जांच की गई, लेकिन कहीं कोई गड़बड़ी नहीं मिली।
अलीगढ़ में जहरीली शराब से कई मौतों के बाद पुलिस ने स्याही-सैनिटाइजर फैक्टरी के संचालक विजेंद्र कपूर को गिरफ्तार किया था। उसकी फैक्टरी से 6000 लीटर मिथाइल-इथाइल अल्कोहल जब्त किया गया था। पुलिस पूछताछ में विजेंद्र ने यह माल बरेली से आने की बात कही थी।
अलीगढ़ शराब कांड से बरेली का नाम जुड़ने के बाद सक्रिय हुए आबकारी विभाग ने यहां मिथाइल अल्कोहल का हिसाब-किताब जांचना शुरू कर दिया है। मंगलवार को इंस्पेक्टर विजय यादव के नेतृत्व में आबकारी विभाग की टीम ने फरीदपुर के नवादा वन स्थित भगवती इंडस्ट्रीज और सीबीगंज में मंगलम इंडस्ट्रीज पर छापा मारा।
इन दोनों फैक्टरियों में मिथाइल अल्कोहल से फार्मेल्डिहाइड बनाने का काम होता है। जांच टीम ने फैक्टरियों में मिथाइल अल्कोहल का स्टॉक जांचने के साथ ही उसकी आपूर्ति और उपभोग की भी जानकारी ली। इसके अलावा चोरी की आशंका को देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था की भी जांच की। मगर टीम को सब कुछ दुरुस्त मिला।