मीरगंज। विकासखंड की ग्राम पंचायत तिलमास में पंचायती राज व्यवस्था को लेकर अजीबोगरीब मामला सामने आया है। यहां कागजों में प्रधान छोटेलाल हैं, लेकिन हकीकत में गांव का बागडौर पूर्व प्रधान के ऊपर संभालने के आरोप लगाए गए हैं। इसकी शिकायत जब एक्स पर मुख्यमंत्री और डीएम की गई तो प्रशासनिक अधिकारी भी हैरान रह गए। एसडीएम ने मामले में संज्ञान लेते हुए जांच के लिए निर्देश दिया है।
गांव निवासी अरविंद सिंह ने एक्स पर शिकायत कर आरोप लगाए हैं कि पिछले कई वर्षों से पूर्व प्रधान ही पंचायत के सभी कार्यों को संचालित कर रहे हैं। सरकारी धन का दुरुपयोग कर रहे हैं। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को टैग करते हुए पूरे मामले की निष्पक्ष जांच और कड़ी कार्रवाई की मांग की है। वर्तमान प्रधान छोटेलाल का कहना है कि उन्हें आज तक किसी भी पंचायत बैठक में नहीं बुलाया गया। उन्हें यह भी नहीं पता कि गांव का सचिव कौन है और “डोंगल” क्या होता है, जिससे पंचायत के ऑनलाइन कार्य संचालित होते हैं। इससे साफ है कि आधिकारिक प्रधान को पूरी तरह दरकिनार किया गया है।
व्यवस्था पर उठे सवाल
ग्रामीणों के अनुसार, गांव में होने वाले विकास कार्यों और फैसलों पर पूर्व प्रधान का ही नियंत्रण है। ऐसे में पंचायत की पारदर्शिता और सरकारी योजनाओं के सही क्रियान्वयन पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। शिकायतकर्ता ने जांच कर कड़ी कार्रवाई की मांग की है। एसडीएम आलोक कुमार ने कहा कि यदि ऐसा है तो जांच कराकर कार्रवाई की जाएगी।