बरेली। तापमान में गिरावट आने के बाद भी शहर की बिजली आपूर्ति पटरी पर नहीं आ सकी। रविवार को भी शहर के कई इलाकों में लोगों को लोकल फाॅल्ट के चलते चार घंटे तक बिजली कटौती झेलनी पड़ी। कुछ इलाकों में लोकल फाॅल्ट और ट्रिपिंग की समस्या भी रही।
शनिवार शाम से ही शहर के महानगर, सुभाषनगर, किला और मढ़ीनाथ क्षेत्रों में आपूर्ति पटरी से उतर गई थी। रविवार को भी इन इलाकों में आपूर्ति बाधित रही। किला क्षेत्र में सुबह 9 से दोपहर 1 बजे तक ट्रिपिंग होती रही। कुछ इलाकों में 2-3 घंटे तक आपूर्ति ठप रही। उपभोक्ताओं ने किला उप केंद्र पर कॉल कर सूचना देनी चाही, लेकिन वहां किसी ने कॉल रिसीव नहीं किया।
साहूकारा मोहल्ले में लोकल फॉल्ट के चलते दोपहर में दो घंटे बिजली गुल रही। सीबीगंज उपकेंद्र ओवरलोड होने से सुभाषनगर और मढ़ीनाथ फीडरों को रोस्टिंग के आधार पर चलाया गया। सिंधुनगर, नवादा शेखान, कटरा चांद खां, जगतपुर, महानगर, सन सिटी, हरुनगला, पवन विहार, कैंट, किला क्षेत्रों में भी ट्रिंपिंग और लो वोल्टेज की समस्या बनी रही।
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वसंत विहार में ट्रांसफार्मर फुंका, सड़क पर उतरे उपभोक्ता
बरेली। मिनी बाईपास सेंट्रल जेल के पीछे स्थित वसंत विहार कॉलोनी के लोगों को रविवार को पांच घंटे बिजली कटौती का सामना करना पड़ा। दोपहर 3 बजे ओवरलोडिंग के कारण ट्रांसफार्मर फुंकने से इलाके में 1500 उपभोक्ताओं की बिजली गुल हो गई।
स्थानीय लोगों ने इसकी सूचना बिजली निगम को दी। शाम तक ट्रांसफार्मर नहीं बदला गया। शाम 7 बजे लोग घरों के बाहर आ गए। कुछ लोगों ने यहां बिजली आपूर्ति चालू कराने की मांग को लेकर हंगामा भी किया। रात 8 बजे के बाद ट्रांसफार्मर बदला जा सका। इस दौरान लोगों ने कटौती के विरोध में रोड पर बाइक समेत अन्य वाहन खड़े कर दिए। आपूर्ति सुचारू होने के बाद लोग शांत हुए। आलोक कुमार, विकास बाबू आदि ने बताया कि कॉलोनी में लो वोल्टेज की समस्या लगातार बनी हुई है। अक्सर बिजली ठप हो जाती है।
आज से बकाया वसूली अभियान
बिजली निगम सोमवार से बकाया वसूली अभियान शुरू करेगा। 5,000 रुपये से ज्यादा बकाया वाले उपभोक्ताओं के कनेक्शन काटे जाएंगे। एसडीओ शाहदाना गौरव शर्मा ने बताया कि ऐसे उपभोक्ताओं को चिह्नित कर लिया गया है।
जल्द होगी ट्रांसफार्मरों की बैरिकेडिंग
शहर में कई स्थानों पर खुले में रखे ट्रांसफार्मरों की बैरिकेडिंग जल्द कराई जाएगी। डिवाइडरों पर बिखरे तारों को लेकर बिजली निगम ने पल्ला झाड़ लिया है। एक्सईएन आरके पांडेय ने बताया कि डिवाइडरों पर बिखरे तार स्ट्रीट लाइटों के हैं। इनका मध्यांचल विद्युत वितरण निगम से कोई लेना-देना नहीं है।