बरेली। संगठन चुनाव की बैठक से कई चुनाव अधिकारी ही नदारद रहे। इसको लेकर क्षेत्रीय संगठन मंत्री भवानी सिंह ने कड़ी नाराजगी जाहिर की और इन लोगों को नोटिस देकर जिम्मेदारी वापस लेने के निर्देश दिए हैं। बैठक में चुनाव को लेकर तालमेल बनाने पर विशेष फोकस रहा ताकि चुनाव न कराने पड़ें।
सदस्यता अभियान पूरा होने के बाद भाजपा में बूथ से लेकर जिला और महानगर संगठन के चुनाव तक की कवायद शुरू हो चुकी है। तीन चरणों में होने वाली चुनाव प्रक्रिया 18 सितंबर से शुरू होकर 11 नवंबर तक चलेगी। 18 से 22 सितंबर तक बूथ कमेटी, 19 से 20 अक्टूबर तक मंडल कमेटी और 11 नवंबर को जिला एवं महानगर अध्यक्ष का चुनाव होगा। चुनाव प्रक्रिया की जानकारी देने को सोमवार को भाजपा के बृज क्षेत्र के संगठन मंत्री भवानी सिंह ने भाजपा कार्यालय पर बैठक की। इस बैठक में क्षेत्रीय अध्यक्ष रजनीकांत माहेश्वरी को भी आना था लेकिन स्वास्थ्य कारणों से वह नहीं आ सके। बैठक शुरू हुई तो पता लगा कि कई चुनाव अधिकारी ही नदारद हैं। इस पर भवानी सिंह ने कड़ी नाराजगी जाहिर की। उन्होंने इन सभी को नोटिस जारी करने के निर्देश दिए और कहा कि अगर बैठक में न आने का कारण उचित न हो तो इनसे चुनाव की जिम्मेदारी वापस ले ली जाए। इस दौरान उन्होंने चुनाव अधिकारियों को चुनाव प्रक्रिया बताई और कहा कि अब इसी तरह से बूथ और सेक्टर पर भी बैठक की जाए। पूरी बैठक में फोकस इस बात पर रहा कि बूथ, मंडल और जिला या महानगर कमेटियों का चयन तालमेल से हो जाए और चुनाव न कराना पड़े। इस दौरान महानगर अध्यक्ष डॉ. केएम अरोड़ा, राजीव गुम्बर, सुरेश सैनी, नगर विधायक डॉ. अरुण कुमार, मेयर उमेश गौतम, राजबहादुर सक्सेना, प्रतेश पांडेय आदि मौजूद रहे।
चुनाव प्रक्रिया शुरू होते ही हड़कंप
भाजपा में संगठन के चुनाव की कवायद शुरू होते ही पदाधिकारियों में हड़कंप मचा है। अपनी कुर्सियां बचाने की जुगत में नेता कार्यकर्ताओं को अपने पक्ष में एकजुट करने में लगे हैं। इसको लेकर ही कुछ लोगों ने सदस्यता अभियान में जमकर रुचि ली है।