बरेली। सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने शुक्रवार को प्रदेश अध्यक्ष को छोड़कर पूरे प्रदेश में जिला और सभी फ्रंटल संगठनों को भंग कर दिया। बरेली की सभी इकाइयां पहले ही भंग चल रही थीं। अब पूरे प्रदेश की इकाइयां भंग होने से सपाइयों में जल्दी ही नया संगठन बनने की उम्मीदें जाग गई हैं। कुछ सपाइयों ने लखनऊ की दौड़ लगाने को भी कमर कस ली है।
बरेली में पार्टी में मची खींचतान के बीच अखिलेश यादव ने पिछले साल अक्टूबर में ही जिलाध्यक्ष शुभलेश यादव और महानगर अध्यक्ष कदीर अहमद समेत दोनों इकाइयां भंग कर दी थीं। इसके बाद कुछ दिन तक अध्यक्षी के दावेदार लखनऊ, दिल्ली की दौड़ लगाते रहे लेकिन जब स्पष्ट हो गया कि अभी संगठन नहीं घोषित होगा, यह सिलसिला थम गया। लोकसभा चुनाव भी बिना संगठन के ही बीत गए। इसी बीच शुक्रवार को सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने शुक्रवार को प्रदेश अध्यक्ष नरेश उत्तम पटेल को छोड़कर पूरे प्रदेश में जिला और सभी फ्रंटल संगठनों को भंग कर दिया। इसके बाद संगठन में जगह पाने की उम्मीद लगाए सपाइयों में फिर एक उम्मीद जाग गई है। इसके साथ ही सबने अपने दावे शुरू कर दिए हैं। कुछ लोगों का कहना है कि कमेटियां तो तय की जा चुकी हैं। एक-दो दिन में घोषणा कर दी जाएगी। वहीं, कुछ लोग कह रहे हैं कि अध्यक्षी के दावेदारों से आवेदन मांगने के बाद उस पर निर्णय लिया जाएगा।