गोपनीय शिकायतों की भरमार से अफसर दंग
कुछ समय से यूपी 112 में तैनाती को लेकर शिकायतों की भरमार है। सूत्र बताते हैं कि अधिकतर शिकायतों में तैनाती ही मुख्य मुद्दा है। कई मामलों में आर्थिक सांठगांठ से तैनाती का भी जिक्र है। शिकायतें इस तरह हैं कि थाने से हटाया गया पुलिसकर्मी कुछ ही दिन में उसी थाने की पीआरवी पर उसी क्षेत्र में तैनात कर दिया है। वह अपनी पूर्व तैनाती के स्थल के इर्दगिर्द ही घूम रहा है। आरोप है कि हिसाब न देने वाले स्टाफ को उपेक्षित किया जा रहा है। यातायात पुलिस से जुड़े मामलों में भी इसी तरह की शिकायतें भी अफसरों के पास आई हैं।
राममोहन सिंह जिले में कई महत्वपूर्ण जिम्मेदारी संभाल रहे हैं। वह जिले में यातायात पुलिस के मुखिया होने के साथ ही यूपी 112 और महत्वपूर्ण सेवा पासपोर्ट में भी पुलिस की गतिविधियों के नोडल अधिकारी हैं। हाल ही में आईजी ने उनकी वरिष्ठता को देखते हुए उन्हें रेंज के सभी थानों में खड़े कबाड़ वाहनों के निस्तारण का नोडल अधिकारी भी बनाया है। उन्हें मंडल के चारों जिलों के एसपी से समन्वय करके थानों को साफ कराना है।
एसएसपी घुले सुशील चंद्रभान ने बताया कि ऑडियो के अलावा लगातार एक जगह तैनाती जैसे बिंदुओं पर भी एसपी सिटी जांच करके हकीकत का पता करेंगे। उन्हें बिंदुवार शिकायतों की जांच करने का निर्देश दिया गया है। उनकी जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।