कार्यस्थल पर महिलाओं की सुरक्षा को लेकर एडीजी ने जारी किए निर्देश
बरेली। पश्चिम बंगाल व देश के अन्य हिस्सों में हो रही घटनाओं के बाद महिला सुरक्षा के मुद्दे पर अलर्ट जारी किया गया है। एडीजी रमित शर्मा ने आईजी बरेली, मुरादाबाद डीआईजी समेत सभी नौ जिलों के कप्तान को निर्देश जारी किए हैं कि वह महिला अपराधों से जुड़े स्थानों को हॉटस्पॉट के रूप में चिह्नित करें। रात में कार्यस्थल से लौटने वाली महिलाओं, युवतियों को जरूरत पड़ने पर पुलिस घर तक पहुंचाएगी।
एडीजी ने निर्देश दिए हैं कि कार्यस्थल पर सुरक्षा के विशेष इंतजाम किए जाएं। महिलाओं से शारीरिक संपर्क, यौन उत्पीड़न और भद्दी टिप्पणी को गंभीरता से लें। अश्लील सामग्री दिखाना और किसी तरह के शारीरिक, मौखिक यौन संबंधों के प्रयास की शिकायतों पर त्वरित कार्रवाई करें। महिलाओं को जोखिम भरे कामों में न लगाया जाए। रात में ड्यूटी के दौरान सुरक्षा के लिहाज से उनके आने-जाने वाले रास्तों पर विशेष ध्यान रखा जाएं। सरकारी, निजी संस्थान उन्हें कैब या प्राइवेट वाहन मुहैया कराएं। वाहनों के चालकों के लाइसेंस व उनके चरित्र सत्यापन की कॉपी अपने पास रखें। नाइट शिफ्ट रात 10 बजे से सुबह 6 बजे तक की है तो उन्हें सुरक्षित घर पहुंचाने के लिए यूपी 112 की मदद ले सकते हैं। महिला सुरक्षा से खिलवाड़ करने वालों पर जीरो टॉलरेंस की नीति के तहत कार्रवाई की जाए।
सीसीटीवी और रोशनी वाली जगहों पर ही उतारें
एडीजी ने निर्देश दिए हैं कि पुलिस यह व्यवस्था पुख्ता कराए कि परिवहन निगम की बसों, प्राइवेट टैक्सियों और अन्य वाहनों से महिलाओं को जहां उतारा जाए, वहां सीसीटीवी और पर्याप्त रोशनी हो। सीओ और इंस्पेक्टर अपने इलाकों के कॉल सेंटर, अस्पतालों, कार्यालयों, व्यावसायिक प्रतिष्ठानों, सिनेमा हाल, मल्टीप्लेक्स, होटल, रेस्टोरेंट, रेलवे व बस स्टेशनों की सूची बना लें। जहां महिलाएं काम करती हों, उनका विवरण तैयार कर लें। इन सभी जगह राजपत्रित अधिकारियों के पर्यवेक्षण में विशेष गश्त और सुरक्षा इंतजाम किए जाएं। अमर उजाला ब्यूरो