- दो दिन तक चली जांच के दौरान टीम ने विभिन्न खाद्य पदार्थों के नमूने लिए
बरेली। परसाखेड़ा स्थित बीएल एग्रो फैक्टरी और रिफाइनरी में दो दिन तक चली सघन जांच के बाद भरे गए खाद्य पदार्थों के 11 नमूने जांच के लिए शनिवार को लखनऊ की प्रयोगशाला में भेज दिए गए। सहायक आयुक्त खाद्य ने रिपोर्ट के आधार पर कार्रवाई की बात कही है।
बीएल एग्रो फैक्टरी में संचालित इकाइयों में विभिन्न ब्रांड के नाम से खाद्य तेल, किराना सामग्री व अन्य उत्पाद की प्रोसेसिंग, पैकेजिंग होती है। बीते दिनों प्रयागराज निवासी एक व्यक्ति ने बीएल एग्रो के सभी उत्पादों में मिलावट की आशंका जताते हुए प्रधानमंत्री आईजीआरएस पोर्टल पर शिकायत दर्ज की थी।
शिकायकर्ता ने निजी प्रयोगशाला से बीएल एग्रो फैक्टरी, रिफाइनरी संबंधित उत्पादों की जांच रिपोर्ट भी संलग्न की है। गुणवत्ता पर सवाल उठाते हुए की गई शिकायत पर प्रधानमंत्री कार्यालय से जांच के निर्देश जारी हुए। बृहस्पतिवार और शुक्रवार दो दिन तक सहायक आयुक्त खाद्य संदीप कुमार चौरसिया के नेतृत्व में सघन जांच की गई।
जांच के लिए भेजे गए हैं ये नमूने
आरबी ऑयल (खाद्य तेल), नरिश ब्रांड का अजवाइन, बैल कोल्हू ब्रांड का सरसों का तेल कच्ची घानी, नरिश ब्रांड का पैक्ड रिफाइंड सन फ्लावर ऑयल, पैकिंग यूनिट के स्टोरेज टैंक से रिफाइंड सन फ्लावर ऑयल, नरिश ब्रांड का सेंधा नमक, पैक्ड सरसों का तेल कच्ची घानी (बैल कोल्हू ब्रांड), नरिश ब्रांड के प्रीमियम टी, सरसों का तेल खुला (पैंकिग यूनिट के स्टोरेज टैंक से), मूंग दाल के नमूने भेजे हैं। 1500 किलो मूंग दाल सीज भी की गई है। अमर उजाला ब्यूरो