बरेली। दरगाह आला हजरत के पास मकान में बने लक्ष्मी-नारायण मंदिर की अवैध तरीके से खरीद-फरोख्त और उसमें तोड़फोड़ शुरू करने के मामले में पुलिस ने उसे विवादित स्थल मानते हुए धारा 145 की रिपोर्ट सिटी मजिस्ट्रेट को सौंपी है। जल्द ही भवन को सील कर दिया जाएगा।
बृहस्पतिवार को दरगाह के पास गली में घर और उसके अंदर बने मंदिर में तोड़फोड़ का शोर मचा था। हिंदू संगठनों ने स्थानीय लोगों के साथ वहां पहुंचकर आरोप लगाया था कि यह 200 साल पुराना लक्ष्मी-नारायण मंदिर है। इसे पुजारी कुलदीप शर्मा के बेटे संदीप ने अपना घर बताकर दूसरे समुदाय के शख्स को बेच दिया है। मामले में पुलिस ने तोड़फोड़ रुकवाकर संदीप समेत क्रेता को हिरासत में लेकर चालान किया था।
मामले में पुलिस को स्थानीय लोगों की ओर से तहरीर देकर रिपोर्ट कराने की मांग की गई। जमानत पर छूटे संदीप ने भी शुक्रवार को कोतवाल हिमांशु निगम को अपने दावों के संबंध में कागजात सौंपे। पुलिस ने प्रारंभिक जांच में माना है कि भवन के अंदर मंदिर है और इस स्थान की खरीद-फरोख्त में नियमों का ध्यान नहीं रखा गया। आसपास के लोगों की भावनाएं भी मंदिर से जुड़ी हैं, इसलिए बिना कोर्ट या प्रशासनिक निर्णय के यहां कोई तोड़फोड़ या निर्माण सही नहीं है। सीओ प्रथम श्वेता यादव ने बताया कि निर्देश मिलने पर भवन को सील कराया जाएगा।