फरीदपुर। फतेहगंज पश्चिमी के स्मैक तस्कर नन्हे लंगड़ा को दूसरी रिमांड पर लेने के बावजूद पुलिस उससे कोई बरामदगी नहीं कर सकी। शनिवार शाम को उसे जेल में दाखिल करना पड़ा। कोर्ट में जमानत के दौरान आरोपी को इसका लाभ मिल सकता है।
फरीदपुर पुलिस ने मादक पदार्थ बरामदगी का हवाला देकर कोर्ट से रिमांड मांगा था। कोर्ट ने वीडियोग्राफी व वकीलों की मौजूदगी में रिमांड की अनुमति दी। आरोपी को आठ घंटे हिरासत में रखने के बाद भी पुलिस को कुछ नहीं मिला। इसकी वजह नन्हे लंगड़ा की जरूरत से ज्यादा सक्रियता रही। पूरे समय उसके चार चार वकील रहे। पुलिस उसे लेकर बेहरा गांव समेत जहां भी साक्ष्य तलाशने पहुंची, वहां वीडियोग्राफर साथ चलता रहा। पुलिस का तर्क है कि नन्हे बीमारी का बहाना करके बार-बार लेट जाता था। माल बरामदगी में उसकी ओर से कोई मदद नहीं मिली।
बता दें कि एक वक्त में फतेहगंज पश्चिमी कस्बे का नामी तस्कर रहा नन्हे लंगड़ा अब बुजुर्ग हो चुका है। फरीदपुर पुलिस की गिरफ्त से बचने के लिए उसने कुछ दिन पहले कोर्ट में समर्पण कर दिया था। फरीदपुर पुलिस ने तीन दिन पहले भी नन्हे लंगड़ा को 10 घंटे रिमांड पर लिया था। तब भी पुलिस उससे कुछ भी बरामद नहीं कर सकी थी। रविवार सुबह आठ बजे फिर उसे जेल से निकालकर शाम चार बजे जेल में दाखिल किया गया। एसपी देहात मुकेश चंद्र मिश्रा ने बताया कि फिर से रिमांड लेने का प्रयास किया जा सकता है।