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Bareilly News: पुष्पेंद्र के हत्यारोपियों से पुलिस की मुठभेड़, दो के पैर में लगी गोली

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बरेली। भुता थाना क्षेत्र में हुए पुष्पेंद्र हत्याकांड के दो आरोपियों को पुलिस ने मुठभेड़ में गिरफ्तार कर लिया। आरोपी सिपन और गौरव के पैर में गोली लगी है। एक पुलिसकर्मी भी फायरिंग में घायल हुआ है। चार नामजद आरोपियों की तलाश में पांच टीमें दबिश दे रही हैं।
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पांच नवंबर को गांव खरदाह निवासी पुष्पेंद्र उर्फ पुष्पाल की भुता रोड पर नवदिया पेट्रोल पंप के पास चार गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। हत्याकांड में गांव निवासी हिस्ट्रीशीटर पूरनलाल व पवन का नाम सामने आया था। पुष्पेंद्र की पत्नी संगीता ने इन दोनों समेत दस लोगों को नामजद कराया था।
पुलिस तीन आरोपियों को जेल भेज चुकी है। थाना प्रभारी राजकुमार सिंह ने बताया कि शुक्रवार रात पौने चार बजे भुता पुलिस गजनेरा की ओर चेकिंग कर रही थी। इस दौरान दो संदिग्ध लोगों को रोका तो उन्होंने टीम पर फायरिंग कर दी। जवाबी फायरिंग में पैर में गोली लगने की वजह से दोनों बदमाशों घायल हो गए।
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टीम ने इन्हें गिरफ्तार कर लिया। मुख्य आरक्षी देवेंद्र भी घायल हो गए। पुलिस सभी को जिला अस्पताल ले आई। घायलों ने अपना नाम ग्राम खरदाह निवासी सिपिन व गौरव बताया। उन्होंने पुष्पेंद्र की हत्या में शामिल होने की बात भी कबूल की। इनसे 315 बोर के दो तमंचे, चार कारतूस बरामद किए गए हैं।

शुक्रवार रात ही घोषित हुआ था इनाम
सूत्रों के मुताबिक सभी फरार छह आरोपियों पर शुक्रवार रात में ही 25-25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया था। हैरत की बात ये है कि पुलिस ने कुछ घंटे बाद ही मुठभेड़ में दो आरोपी गिरफ्तार कर लिए। इस मामले में एसपी उत्तरी मुकेश मिश्रा ने सफाई दी कि सिपिन व गौरव के अलावा इस घटना में नामजद चार अन्य आरोपी अर्जुन, संतोष, देवेंद और विपिन पर इनाम घोषित करने के लिए उन्होंने आठ नवंबर को ही संस्तुति करके रिपोर्ट अधिकारियों को भेजी थी। शुक्रवार को उच्च स्तर से ही सभी छह आरोपियों पर 25-25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया। टीम कई दिन से लगातार इन हत्यारोपियों की तलाश में लगी थी।
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फरार आरोपियों के गैरजमानती वारंट भी जारी
पुष्पेंद्र अपने भाई विनोद की हत्या के मामले में पैरवी कर रहे थे। इस हत्या में जल्दी ही फैसला आने की संभावना थी, आरोप है कि इसलिए विनोद के हत्यारोपियों ने ही पुष्पेंद्र की जान ले ली। पुष्पेंद्र की हत्या के एक सप्ताह बाद उनकी मां नारायणो देवी की मौत हो गई। वह बीमार चल रही थीं। परिवार में अब केवल महिलाएं व बच्चे रह गए हैं। पुलिस फरार आरोपियों की तलाश के अलावा विधिक तरीके से भी आरोपियों को घेरने में जुटी है। इस सिलसिले में कोर्ट में पैरवी करके फरार आरोपियों के गैरजमानती वारंट भी जारी करा लिए हैं। जल्दी आरोपी गिरफ्तार नहीं हुए तो उनकी संपत्ति कुर्क की जा सकती है। अमर उजाला ब्यूरो
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