सामाजिक समरसता पर होगी चर्चा
संघ के एक पदाधिकारी के मुताबिक शताब्दी वर्ष से पहले शाखाओं को सौ फीसदी ग्राम पंचायतों तक पहुंचाने पर बात होगी। यह भी निर्देश दिए जाएंगे कि शताब्दी वर्ष का कोई भी कार्यक्रम भव्य नहीं होगा। बैठकों में परिवार प्रबोधन, ग्राम विकास, गो सेवा, सामाजिक समरसता और पर्यावरण जैसे सामाजिक महत्व की गतिविधियों पर चर्चा होगी। अभी तक निर्देश हैं कि कार्यक्रम में कोई राजनीतिक व्यक्ति शामिल नहीं होगा।
महाशिवरात्रि : शहर में 20, जिले में 38 जुलूस
पुलिस विभाग के मुताबिक महाशिवरात्रि पर जिले में 38 जुलूस निकाले जाते हैं। इनमें से शहर में ही 20 जुलूस निकलते हैं। इनमें प्रेमनगर से निकलने वाला जुलूस प्रमुख है, जिसमें सौ से अधिक झांकियां होती हैं। जिले में 247 जगह भोले का जलाभिषेक किया जाता है, इनमें से सौ मंदिर शहर में ही हैं। इन सभी जगह पुलिस की तैनाती की जानी है।
एसएसपी अखिलेश चौरसिया ने बताया कि महाशिवरात्रि पर सुरक्षा के लिहाज से तैयारी की जा रही है। संघ प्रमुख मोहन भागवत के कार्यक्रम की अभी आधिकारिक सूचना नहीं है। सूचना मिलने पर उस संबंध में भी व्यवस्था की जाएगी।