यहां बना रखा था ठिकाना
अलग-अलग शहरों के आरोपियों ने ग्रेटर ग्रीनपार्क कॉलोनी को ठिकाना बना रखा था। करगैना के पास कॉल सेंटर जैसा ऑफिस बनाकर लोगों को निजी बैंक में जॉब का ऑफर देते थे। बेरोजगारों को अच्छी सैलरी व कमीशन का लालच देकर उनसे सिक्योरिटी व अन्य मद में रुपये मंगाते थे। इनके झांसे में आकर अक्सर लोग इन्हें रुपये भेज देते थे।
हजारों लोगों से कर चुके हैं ठगी
कोतवाली पुलिस ने जब आरोपियों के मोबाइल फोन कब्जे में लिए तो पता लगा कि वह जॉब देने वाली कंपनियों का डाटा चुराते थे। मध्य प्रदेश के नीमच की युवती व बिनावर (बदायूं) के युवक ने पुलिस को कॉल कर बताया कि उन्हें भी ठगा गया है। शुरुआती जांच में यह साफ हुआ है कि आरोपी रोज करीब सौ लोगों को कॉल करते थे। अब तक ये हजारों लोगों को कॉल कर सैकड़ों को अपना शिकार बना चुके हैं।
एसपी सिटी राहुल भाटी ने बताया कि नौकरी का झांसा देकर बेरोजगारों से ठगी करने वाले गिरोह का सरगना पकड़ा गया है। उसके साथियों की तलाश की जा रही है। जरूरत पड़ी तो दूसरे जिलों में भी पुलिस टीमों को भेजा जाएगा।