देवरनियां पुलिस ने आरोपी को किया गिरफ्तार
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बरेली में एक शख्स ने तीन लाख रुपये सुपारी देकर अपने बेटे की हत्या करा दी। पुलिस युवक की मौत पहले हादसे में मान रही थी, लेकिन मृतक की गर्भवती पत्नी ने तहरीर देकर हत्या का आरोप लगाया। इस पर पुलिस ने जांच की तो पूरा मामला खुल गया। पुलिस ने आरोपी पिता को गिरफ्तार करने के बाद शनिवार को हत्याकांड में खुलासा किया।
नवाबगंज के गांव विजौरिया निवासी हलवाई हरपाल का शव 15 जुलाई को थाना देवरनियां के भोपतपुर अड्डे पर सड़क किनारे मिला था। वहीं पर उसकी क्षतिग्रस्त बाइक मिली। उस समय पुलिस ने हादसा मानकर पोस्टमार्टम कराया था। 30 जुलाई को मृतक की पत्नी गीता देवी की तहरीर के आधार पर पुलिस ने चार लोगों भानू, गजेंद्र, महेंद्र और श्यामाचरण के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई।
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गीता देवी ने बताया कि भानू अपने साथ हरपाल को ले गया था। उसकी फोन पर हरपाल से बात हुई तो उसने वापस आने की बात कही थी, लेकिन घर नहीं आए। अगले दिन उनका शव मिला था। रिपोर्ट दर्ज करने के बाद देवरनियां थाने के इंस्पेक्टर देवेंद्र सिंह धामा अपनी टीम के साथ इस मामले के खुलासे में लगे थे।
पूछताछ में कबूला जुर्म
इंस्पेक्टर ने बताया कि पुलिस जांच में मृतक के पिता अशरफीलाल का नाम सामने आया। इसके बाद उसे दबिश देकर पकड़ लिया गया। उससे पूछताछ की गई तो वो टूट गया। अशरफी लाल ने बताया कि उसके नाम एक प्लॉट है, जिसकी कीमत करीब 40 लाख रुपये है। जिसे दोनों पिता-पुत्र बेचना चाह रहे थे। दोनों को ही अपनी-अपनी हत्या का अंदेशा एक-दूसरे द्वारा करवाने का अंदेशा था।
अशरफी लाल ने अपने बेटे हरपाल की हत्या करने के लिए भानू, गजेंद्र, महेंद्र और श्यामाचरण को तीन लाख रुपये सुपारी दी थी। इन चारों ने ईंट से प्रहार कर उसकी हत्या कर दी। इसके बाद हादसे का रूप देने के लिए बाइक को ट्रैक्टर से कुचल दिया। इंस्पेक्टर ने कहा कि चारों आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए दबिश दी जा रही है। मृतक के हत्यारोपी पिता को जेल भेज दिया गया है।