बरेली। शहर की व्यस्ततम सड़कों में से एक पीलीभीत बाइपास के दोनों किनारों पर अतिक्रमण का बोलबाला है। एक ओर कार बाजार सजता है, तो दूसरी ओर रेता-बजरी का कारोबार हो रहा है। सेटेलाइट से लेकर सतीपुर चौराहे तक फुटपाथ खत्म हो गया है। दिन में सड़क के किनारे क्रेन, बुलडोजर आदि भी खड़े हो रहे हैं। इससे सड़क भी सिमटी नजर आती है।
खास बात यह है कि नगर निगम के कागजों में इस सड़क पर अतिक्रमण का जिक्र तक नहीं है। यहां न तो अतिक्रमण हटाओ अभियान चलता है, न ही पुलिस कोई कार्रवाई करती है। इस सड़क से जनप्रतिनिधि और अफसर भी गुजरते हैं, लेकिन कब्जेदारों पर कभी कोई कार्रवाई नहीं होती। इससे उनके हौसले बुलंद हैं।
सेटेलाइट से सतीपुर चौराहे तक पुरानी कारों की मंडी लगती हैं। यहां एक दर्जन से अधिक दुकानें हैं। ये दुकानदार ग्राहकों को लुभाने के लिए सड़क के किनारे ही सैकड़ों पुरानी कारों को सजाकर खड़ी कर देते हैं। इन दुकानदारों के पास इतनी कारें हैं, जितनी किसी शोरूम में भी नहीं होतीं। इस अतिक्रमण की वजह चार लेन सड़क की दो लेन ही दिखाई देती हैं। इस सड़क पर रेता-बजरी का कारोबार अभी शुरुआती दौर में है। अभी सिर्फ दो ही दुकानें हैं, लेकिन इनको रोका नहीं गया तो आगे इससे काफी परेशानी हो सकती है। दुकानों से बाहर रेता-बजरी होने से हादसे का खतरा बना रहता है।
कोहरे में सतर्कता जरूरीअब कोहरा गिरने लगा है। ऐसे में सेटेलाइट से सतीपुर तक सड़क किनारे खड़े वाहन खतरनाक साबित हो सकते हैं। दो दिन पहले ही नैनीताल हाईवे पर कोहरे की वजह से बड़ा हादसा हो चुका है। इन वाहनों को हटवाया नहीं गया तो इस सड़क पर भी हादसे हो सकते हैं।
वर्जन
सड़क सुरक्षा से कोई खिलवाड़ न हो, इसके निर्देश अधिकारियों को दिए गए हैं। जल्द ही रोस्टर तैयार कर पुलिस के साथ अतिक्रमण हटवाने के लिए अभियान चलाया जाएगा। - संजीव कुमार मौर्य, नगर आयुक्त