सिरौली। जनपद मुख्यालय से 75 किमी. दूर सिरौली में स्थित प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र विभागीय अधिकारियों की लापरवाही के चलते स्टाफ की समस्या से जूझ रहा है। इससे यहां मरीजों को मिल रही सेवा प्रभावित हो रही है।
यहां के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में मानक के हिसाब से 16 लोगों का स्टाफ होना चाहिए। फिलहाल, यहां एक डॉक्टर, एक फार्मासिस्ट, एक एएनएम को मिलाकर मात्र तीन लोगों का स्टाफ है। अस्पताल में महिला डॉक्टर की काफी दिनों से तैनाती की मांग की जा रही है। क्योंकि यहां महिला डॉक्टर की जगह महिलाओं की डिलीवरी का महत्वपूर्ण कार्य एएनएम करती हैं। यहां प्रत्येक माह सौ से ऊपर डिलीवरी होती है।
अस्पताल परिसर में साफ-सफाई के लिए सफाई कर्मी की सालों से नियुक्ति नहीं है। रात को परिसर की सुरक्षा के लिए चौकीदार भी नहीं है। अधिकतर स्टाफ शाम को चला जाता है। यहां कोई रुकना पसंद नहीं करता। इस अस्पताल से सिरौली नगर की 50 हजार की आबादी के अलावा कस्बे से जुड़े आसपास के 50 से 60 गांव जुड़े हैं।
केंद्र के डॉक्टर विनोद कुमार ने बताया कि यहां महिला डॉक्टर का रहना अनिवार्य है। फिर भी यहां आने वाले मरीजों को बेहतर सुविधा दी जा रही है। संवाद