लोगों का दावा- असली थे नोट
पहले लोग समझ नहीं पाए जब देखा तो ये नोट सौ व पांच सौ के थे। ट्रेन से फेंके गए नोटों को लूटने के लिए लोग दौड़ पड़े। रात में रेलवे ट्रैक पर भारी भीड़ लग गई। लोगों में जमीन पर पड़े नोटों को लूटने की होड़ मच गई। दावा है कि फेंके गए नोट असली थे। हालांकि रात का मामला होने के कारण इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हो सकी।
ट्रेन से नोट फेंकने व रेलवे ट्रैक पर पड़े नोटों को लूटने की जानकारी संबंधित अधिकारियों को नहीं थी। फरीदपुर इंस्पेक्टर राधेश्याम ने बताया कि उन्हें भी इस संबंध में कोई जानकारी नहीं है, केवल सत्यता जानने के लिए लोगों के कॉल आ रहे हैं। वह सही स्थिति पता कराएंगे।