बरेली। पीएसी के सिपाही रवि ने सुनियोजित तरीके से पत्नी मीनू की हत्या की थी। इस हत्याकांड में दो दोस्तों व करीबियों ने उसका साथ दिया था। पुलिस ने एक और आरोपी को हिरासत में लेकर गुत्थी सुलझा ली है, जल्द ही वारदात का राजफाश हो सकता है।
पुलिस ने घटना के बाद रवि के नंबर की सीडीआर निकलवाई तो उससे घटना का राजफाश होता चला गया। एक नंबर से ही कई बार रवि की बात होने की पुष्टि हुई। सूत्र बताते हैं कि यह नंबर किसी महिला का है और उसी की वजह से रवि ने पत्नी को रास्ते से हटाया है। हालांकि पूछताछ में रवि ने पत्नी पर भी इसी तरह के आरोप लगाए हैं। कहा कि उन लोगों के संबंध अच्छे नहीं चल रहे थे। मीनू किसी और से भी बात करती थी। हालांकि पुलिस मानकर चल रही है कि ऐसा रवि केवल अपने बचाव में कह रहा है।
इधर, पुलिस ने नंबरों से ही जानकारी जुटाकर एक और युवक को पकड़ा है। पता लगा है कि दो दोस्तों की मदद से रवि ने मीनू की हत्या की है। रवि खुद फार्मा का डिप्लोमा कर चुका है लेकिन उसने अपने एक फार्मासिस्ट दोस्त को भी घटना के दौरान साथ रखा और जहर का इंजेक्शन लगाकर हत्या की। बताते हैं कि रवि व उसके दोस्तों ने कार में ही मीनू को दबोचकर उसे इंजेक्शन लगाए और फिर दोस्त फरार हो गए। बाद में रवि ने हमले का नाटक किया और खुद कार से उतरकर खेत में लेट गया।
-
यह दिखाया था घटनाक्रम
रामपुर निवासी रवि कुमार आठवीं वाहिनी पीएसी में सिपाही पद पर तैनात है। वह 23 फरवरी की दोपहर पत्नी मीनू के साथ घर से अपनी कार लेकर निकला था और पत्नी को दवा दिलाने ले जाने की बात कही थी। कुछ देर बाद उसने सिपाही दोस्त संजय को फोन पर बताया कि फरीदपुर में मंदिर के पास बदमाशों ने उन लोगों पर हमला कर दिया है। संजय वहां पहुंचे तो देखा कि कार में मीनू बेसुध थी, जबकि रवि बाग में पड़ा था। निजी अस्पताल में डॉक्टरों ने मीनू को मृत घोषित कर दिया। सोमवार को मीनू के पिता ने रवि पर बेटी की हत्या की रिपोर्ट दर्ज करा दी। अमर उजाला ब्यूरो
- सिपाही से पूछताछ में पत्नी की हत्या को लेकर स्थिति काफी हद तक साफ हुई है। पुलिस को कुछ लोगों की तलाश है ताकि घटनाक्रम का सटीक खुलासा हो सके। मामले में जल्द खुलासा किया जाएगा। - मुकेश चंद्र मिश्रा, एसपी उत्तरी